जमशेदपुर में टाटा समूह के दूरदर्शी उद्योगपति सर दोराबजी टाटा की 167वीं जयंती के पावन अवसर पर एक भव्य प्रदर्शनी का आयोजन किया गया, जिसने भारतीय खेल इतिहास के सुनहरे पन्नों को जीवंत कर दिया।
सर दोराबजी टाटा की 167वीं जयंती: प्रदर्शनी के मुख्य आकर्षण
राष्ट्र संवाद संवाददाता जमशेदपुर, 27 अगस्त 2026। सर दोराबजी टाटा की 167वीं जयंती के अवसर पर टाटा स्टील ने जे.आर.डी. टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में “सेलिब्रेशन ऑफ स्पोर्ट्स: सर दोराबजी टाटा की विरासत” विशेष प्रदर्शनी का शुभारंभ किया। प्रदर्शनी में दुर्लभ तस्वीरों, ऐतिहासिक पत्राचार, स्मृति चिह्नों और प्रस्तुतियों के जरिए भारत में खेल एवं ओलंपिक आंदोलन को बढ़ावा देने में उनके योगदान को दर्शाया गया है।
उद्घाटन समारोह और गणमान्य अतिथि
कार्यक्रम की शुरुआत सर दोराबजी टाटा पार्क में पुष्पांजलि से हुई। इसके बाद टाटा स्टील के वाइस प्रेसिडेंट, कॉरपोरेट सर्विसेज डी.बी. सुंदरा रामम ने प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। मौके पर टाटा वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष संजीव कुमार चौधरी, डॉ. टी. मुखर्जी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी व गणमान्य लोग मौजूद रहे।
भारतीय ओलंपिक आंदोलन के आधारस्तंभ
सर दोराबजी टाटा ने 1920 के एंटवर्प ओलंपिक में भारत की पहली ओलंपिक टीम की भागीदारी सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभाई थी। वे भारतीय ओलंपिक संघ के गठन में भी प्रमुख रूप से शामिल रहे और 1927 में इसके पहले अध्यक्ष बने। प्रदर्शनी इसी ऐतिहासिक विरासत को 2027 में प्रस्तावित IOA शताब्दी वर्ष की पृष्ठभूमि में रेखांकित करती है।

पैनल चर्चा में दिग्गजों का मंथन
इस अवसर पर खेल इतिहासकार बोरिया मजूमदार, ओलंपियन डोला बनर्जी और पद्मश्री-अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित तीरंदाज पूर्णिमा महतो की भागीदारी में “सेलिब्रेशन ऑफ स्पोर्ट्स” पैनल चर्चा भी हुई। इसमें भारतीय खेलों के विकास, प्रतिभाओं को प्रोत्साहन और संस्थागत सहयोग पर विचार-विमर्श किया गया।
टाटा स्टील की खेल प्रतिबद्धता
प्रदर्शनी टाटा स्टील की खेल प्रतिभाओं को जमीनी स्तर से अंतरराष्ट्रीय मंच तक प्रोत्साहित करने की दीर्घकालीन प्रतिबद्धता को भी सामने लाती है। यह प्रदर्शनी 29 अगस्त 2026 तक जे.आर.डी. टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आम लोगों के लिए खुली रहेगी।
प्रदर्शनी के प्रमुख बिंदु
- विषय: सेलिब्रेशन ऑफ स्पोर्ट्स: सर दोराबजी टाटा की विरासत
- स्थान: जे.आर.डी. टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, जमशेदपुर
- अवधि: 27 अगस्त से 29 अगस्त 2026 तक
- मुख्य आकर्षण: दुर्लभ तस्वीरें, ऐतिहासिक पत्राचार, स्मृति चिह्न
- विशेष सत्र: खेल इतिहासकार बोरिया मजूमदार और ओलंपियनों के साथ पैनल चर्चा
इस आयोजन ने न केवल एक महान दूरदर्शी को श्रद्धांजलि दी बल्कि युवा पीढ़ी को भारत के ओलंपिक इतिहास से जोड़ने का कार्य भी किया। अधिक जानकारी के लिए टाटा स्टील की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।

