विस्थापितों का उग्र आंदोलन, संगम खुली खदान का काम ठप; रोजगार और हक की मांग पर अनिश्चितकालीन धरना
राष्ट्र संवाद संवाददाता
रामगढ़ जिले के सीसीएल बरका सयाल भुरकुंडा परियोजना अंतर्गत संगम खुली खदान में संयुक्त विस्थापित प्रभावित मोर्चा ने आउटसोर्सिंग कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए खदान का काम बंद करा दिया। चार राजस्व गांवों के विस्थापित और रैयत पारंपरिक हथियारों व ढोल-नगाड़ों के साथ प्रदर्शन करते हुए अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं।

आंदोलनकारियों का आरोप है कि परियोजना प्रबंधन और आउटसोर्सिंग कंपनी ने विस्थापितों को रोजगार, विस्थापन प्रमाण पत्र और अन्य अधिकार देने के अपने वादे पूरे नहीं किए। विस्थापित नेता झरी मुंडा ने कहा कि कई बार मांग उठाने के बावजूद प्रबंधन ने उनकी समस्याओं की अनदेखी की है। वहीं संयुक्त विस्थापित मोर्चा के नेता राणा सिंह ने चेतावनी दी कि जब तक सभी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा और खदान से एक मुट्ठी कोयला भी बाहर नहीं जाने दिया जाएगा।

