नशा मुक्त जामताड़ा बनाने हेतु आज शिक्षा विभाग के सौजन्य से जिले के समाहरणालय स्थित एसजीएसवाई प्रशिक्षण भवन सभागार में आयोजित किया गया कार्यशाला; उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी जामताड़ा श्री रवि आनंद (भा०प्र०से०) ने कार्यशाला का किया विधिवत शुभारम्भ
नशे करने वालों को न सिर्फ स्वास्थ्य समस्याएं, कीमती समय का नुकसान, आर्थिक क्षति एवं कई बार तो सामाजिक तिरस्कार का भी सामना करना पड़ता है – उपायुक्त
आज दिनांक 11.06.2025 को नशा मुक्त जामताड़ा बनाने हेतु शिक्षा विभाग के सौजन्य से जिले के समाहरणालय स्थित एसजीएसवाई प्रशिक्षण भवन सभागार में कार्यशाला आयोजित किया गया। आयोजित कार्यशाला का विधिवत शुभारंभ उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी जामताड़ा श्री रवि आनंद (भा०प्र०से०), उप विकास आयुक्त श्री निरंजन कुमार,परियोजना निदेशक ITDA श्री जुगनू मिंज सहित अन्य वरीय अधिकारियों ने किया। इससे पूर्व कार्यक्रम के दौरान उपायुक्त सहित अन्य वरीय अधिकारियों को पौधा देकर सम्मानित किया गया।
_*युवा अगर नशा छोड़कर देश की प्रगति का हिस्सा बनें तो समाज व देश का विकास होगा*_
इस मौके पर उपायुक्त श्री रवि आनंद (भा०प्र०से०) ने कार्यशाला में आए सभी अधिकारियों एवं कर्मियों को संबोधित करते हुए सरकार द्वारा चलाए जा रहे इस राज्यव्यापी नशा मुक्ति अभियान की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नशे करने वालों को न सिर्फ स्वास्थ्य समस्याएं, कीमती समय का नुकसान, आर्थिक क्षति एवं कई बार तो सामाजिक तिरस्कार का भी सामना करना पड़ता है। कहा कि ड्रग्स सेवन से होने वाली बीमारी का कोई टाइम लाइन या ड्यूरेशन नहीं होता है, इससे एक हंसता खेलता परिवार खत्म हो जाता है। इससे बचने का एकमात्र उपाय है कि इसे तत्काल छोड़ें। उन्होंने कहा कि झारखंड में काफी गरीब हैं, गरीब लोग सरकार की योजनाओं पर आश्रित रहते हैं, ऐसे में नशा का सेवन करना उनके लिए अभिशाप के समान है, जिसके लिए लोगों में अवेयरनेस ड्राइव चलाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि नशे से सिर्फ आर्थिक, हेल्थ का नुकसान ही नहीं होता है, कई बार इसके कारण होने आपराधिक घटना भी घटित होती है, जिसका एक मात्र कारण नशा है। उन्होंने कहा कि हमारे देश में करीब 65 प्रतिशत लोग युवा हैं अर्थात 35 वर्ष से कम के हैं। जो युवा आज नशे की गिरफ्त में हैं, अगर वही युवा नशे को छोड़कर समाज और देश के विकास में योगदान दें तो देश की प्रगति होगी, देश विकास की ओर अग्रसर होगा।
_*नशे से होने वाले नुकसान को लेकर विद्यालयों में 10 से 15 मिनट का सेशन चलाएं; अभिभावक शिक्षक मीटिंग में करें जागरूक*_
उन्होंने आगे इतिहास में हुए 02 युद्धों की जानकारी देते हुए कहा कि आप लोग हिस्ट्री में पढ़े होंगे कि 02 युद्ध जो पश्चिमी देशों के द्वारा चीन के साथ 1839 से 1860 के बीच हुआ था जिसे पोपियम वार (अफीम युद्ध) कहा जाता है। तत्कालीन पश्चिमी देशों ने मुहिम चलाकर पूरे चीन को नशे की गिरफ्त में लेकर ब्रिटिश साम्राज्य पूरे चीन में आराम से बिजनेस कर रहे थे, नशे का कारोबार कर के राजस्व कमा रहे थे। तब वहां के तात्कालीन राजा ने इस पर संज्ञान लेकर अपनी जनता के बारे में सोचा और उन्होंने करीब 30 वर्षों तक दो युद्ध लड़े। और आज आप देख सकते हैं कि चीन उससे उबर कर आर्थिक ऊंचाइयों के मुकाम पर पहुंच चुका है। वहीं उसका एक विपरीत उदाहरण देते हुए कहा कि एक समय पंजाब को हरित क्रांति के रूप में जाना जाता था लेकिन वर्तमान में सबसे ज्यादा कैंसर पेशेंट पंजाब में हैं इसका कारण सिर्फ नशा है। यही स्थिति मणिपुर की है वहां जितने स्कूल नहीं हैं उससे ज्यादा रिहैबिटशन सेंटर हैं।
आगे कहा कि आज के कार्यशाला का यह उद्देश्य नहीं है कि सिर्फ नशा मुक्ति के बारे में बता दें और आप लोग शिक्षकों को बता दें और मामला समाप्त हो जाए। जो स्थिति पंजाब और मणिपुर की है वह स्थिति झारखंड और जामताड़ा की भी हो सकती है। हमलोग उस स्थिति को बनने नहीं देंगे उसी संकल्प के साथ यह वर्कशॉप कर रहे हैं। आप सबों से अपील है कि इसे ठीक से समझें और शिक्षकों को इसके बारे बताएं साथ ही स्कूलों में इसके लिए 10 से 15 मिनट का सेशन आयोजित करें तथा पेरेंट टीचर मीटिंग में भी नशा से होने वाले नुकसान के बारे बताएं।
_*नशे के कारण हो रही है गंभीर बीमारियां*_
उन्होंने आगे कहा कि नशे के कारण हृदय से संबंधित बीमारियां, शराब पीने से लिवर संबंधित गंभीर बीमारियां हो रही है, जिससे लोगों की कम आयु में जीवन क्षति हो रही हैं। उन्होंने नशे के नुकसान के संदर्भ में एक घटना का जिक्र भी किया।
उन्होंने कहा कि नशा का सेवन करते समय आनंद महसूस होता है, लेकिन जब इसका गंभीर प्रभाव जब होता है तब ये विकराल रूप ले लेता है। इससे बचने का एकमात्र उपाय नशे से तत्काल और सब दिन के लिए दूर होना है।
_*सभी को दिलाया गया नशामुक्त जामताड़ा बनाने का शपथ*_
वहीं उपायुक्त द्वारा इस दौरान सभागार में उपस्थित सभी को नशा मुक्ति हेतु शपथ दिलाया। वहीं इस दौरान उप विकास आयुक्त श्री निरंजन कुमार, परियोजना निदेशक आईटीडीए श्री जुगनू मिंज, सिविल सर्जन डॉ आनंद मोहन सोरेन, जिला पंचायत राज पदाधिकारी श्री पंकज कुमार रवि सहित अन्य ने भी संबोधित किया। इसके अलावा मास्टर ट्रेनर्स के द्वारा पीपीटी के माध्यम से सभी को प्रशिक्षित किया गया।
_*इस मौके पर*_ उप विकास आयुक्त श्री निरंजन कुमार, परियोजना निदेशक आईटीडीए श्री जुगनू मिंज, अपर समाहर्ता श्रीमती पूनम कच्छप, जिला भू अर्जन पदाधिकारी श्री सत्यप्रकाश, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी श्रीमती कलानाथ, जिला सूचना विज्ञान पदाधिकारी श्री संतोष कुमार घोष सहित अन्य संबंधित मौजूद रहे।

