बीते चार सालों से बरामदे में बच्चे पढ़ाई कर झेल रहे है मौसम की मार, सरकारी आदेश के बाद जर्जर भवन के टूटने के बाद बढ़ी बच्चों की समस्या मामला : जादूगोड़ा के भाटीन मध्य विधालय का
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जादूगोड़ा : जादूगोड़ा स्थित भाटीन मध्य विधालय बीते चार सालों से कमरों की कमी झेल रही है। जिसकी असर सातवीं कक्षा के 28 बच्चों को झेलनी पड़ रही है। स्कूल में कुल 160 बच्चे है। कमरे के अभाव में बीते चार सालों से सातवीं कक्षा के 28 छात्र_ छात्राएं बरामदे में पढ़ाई करने को विवश है व मौसम की मार झेल रहे है। ज्यादा परेशानी बरसात के मौसम में होता है जहां बच्चे बरसात के मौसम में छाता या बरसाती ओढ़कर पढ़ाई करते है। यहां बताते चले कि भवन निर्माण से पहले सरकारी आदेश के बाद जर्जर चार स्कूल भवन को तोड़ दी गई थी।

जिसकी मार स्कूली बच्चे झेल रहे है।इस बाबत स्कूल के प्राचार्य दिनेश चंद्र भक्त कहते है कि स्कूल में चार कमरों की भारी कमी है। इस बाबत पूर्व में कई बार विभागीय अधिकारियों को पत्र लिखकर अवगत कराया गया है। उन्होंने आगे कहा कि फिलहाल दो कमरों की अनुशंसा हुई है। जिसको लेकर संवेदक ने जमीन स्थल का मुआयना भी किया है। फिलहाल काम शुरू होने का इंतजार किया जा रहा है। इसी तरह कई ग्रामीणों ने शिकायत की कि यहां आठवी तक पढ़ाई होती है जबकि शिक्षक मात्र चार है व एक शिक्षक को प्रतिनियुक्ति में अन्यत्र भेजा गया है। जिसको लेकर कभी _ कभी एक ही कमरे में कई क्लास के बच्चों को बैठाकर उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग से अन्य दो शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति की मांग उठाई है।

