जमशेदपुर के तुलसी भवन में सिंहभूम जिला हिन्दी साहित्य सम्मेलन द्वारा आयोजित तुलसी जयंती समारोह का भव्य समापन 23 अगस्त को संपन्न हुआ। लगभग दो माह तक चले इस साहित्यिक महोत्सव में गोस्वामी तुलसीदास के कृतित्व और व्यक्तित्व पर केंद्रित विविध कार्यक्रम आयोजित किए गए। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में विद्यासागर हिन्दी विद्यापीठ, भागलपुर के कुलपति डॉ. राम जनम मिश्र और विशिष्ट अतिथि सुप्रसिद्ध समाजसेवी श्री गोविन्द दोदराजका उपस्थित रहे।
तुलसी जयंती समारोह का भव्य समापन
जमशेदपुर। सिंहभूम जिला हिन्दी साहित्य सम्मेलन /तुलसी भवन द्वारा गत 23 अगस्त को लगभग दो महिने से चल रहे तुलसी जयंती समारोह के अंतर्गत आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों के समापन के अवसर पर संस्थान द्वारा दी जाने वाली “गोस्वामी तुलसीदास सारस्वत सम्मान – 2026” गहन चेतना में संवेदना के उद्गाता आचार्य हरेराम त्रिपाठी को प्रदान किया गया। सम्मान में पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र, श्रीफल, सम्मान पत्र, स्मृति चिन्ह एवं 51000/- की नगद राशि प्रदान की गई।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि डॉ. राम जनम मिश्र (कुलपति, विद्यासागर हिन्दी विद्यापीठ, भागलपुर), विशिष्ट अतिथि नगर के सुप्रसिद्ध समाजसेवी सह संस्थापक ‘सूरभि’ श्री गोविन्द दोदराजका थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्थान के अध्यक्ष श्री सुभाष चन्द्र मुनका, संचालन साहित्य समिति की सुश्री पूनम महानंद ने की। जबकि स्वागत वक्तव्य मानद महासचिव डॉ. प्रसेनजित तिवारी तथा धन्यवाद ज्ञापन उपाध्यक्ष श्री रामनन्दन प्रसाद ने दिया। कार्यक्रम को अतिथियों ने संबोधित किया। सम्मानित अतिथि का परिचय पाठ साहित्य समिति के सचिव डॉ. अजय कुमार ओझा एवं उनका काव्यात्मक परिचय श्री यमुना तिवारी व्यथित ने पढ़ी।
पुरस्कार वितरण एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम
समारोह में तुलसी जयंती कार्यक्रम के अंतर्गत चलने वाली विभिन्न प्रतियोगिताओं के लिये 32 विद्यालयों के 265 प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। पुरस्कार में स्मृति चिन्ह स्वरुप कप, मेडल, प्रमाण पत्र सहित देशभक्ति समूह गीत एवं नृत्य प्रतियोगिता के विजयी प्रतिभागियों को पुरस्कार में प्रथम 11000 रुपये, द्वितीय में 9000 रुपये, तृतीय में 7000 रुपये एवं प्रोत्साहन में 5000 रुपये की राशि प्रदान की गई।
कार्यक्रम का आरंभ मां सरस्वती एवं गोस्वामी तुलसीदास के चित्र के समक्ष अतिथिगण द्वारा दीप प्रज्जवलन एवं पुष्पार्पण के बाद डॉ. रागिनी भूषण ने गणेश वंदना तथा उपासना सिन्हा ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। तत्पश्चात साहित्य समिति के उपाध्यक्ष श्री अशोक पाठक ‘स्नेही’ द्वारा रचित ‘तुलसी जयंती गीत‘ श्रीमती माधवी उपाध्याय ने अपने सुमधुर स्वर में प्रस्तुत कर समारोह को सार्थकता प्रदान की।
इसके बाद संस्थान द्वारा प्रकाशित मुख पत्र ‘तुलसी प्रभा‘ के नये अंक का लोकार्पण सम्पन्न हुआ।
सम्मान एवं आभार
आयोजन के अंत में पूरे दो माह चले तुलसी जयंती समारोह के दरम्यान सक्रीय रुप से शामिल संस्थान के समस्त कर्मचारियों को विशेष उपहार प्रदान कर सम्मानित किया गया।
समारोह को सफलता पूर्वक सम्पन्न कराने में मुख्य संयोजक द्वय डॉ. अजय कुमार ओझा एवं श्रीमती अरुणा भूषण शास्त्री के साथ तुलसी भवन कार्यकारिणी एवं साहित्य समिति के सभी सदस्यों का योगदान महत्वपूर्ण रहा।
इस प्रकार तुलसी जयंती समारोह का सफल आयोजन न केवल साहित्यिक गतिविधियों को बढ़ावा देता है बल्कि नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति और साहित्य से जोड़ने का कार्य भी करता है। आयोजन समिति के सभी सदस्यों, संयोजकों और प्रतिभागियों के सहयोग से यह कार्यक्रम ऐतिहासिक बन सका। भविष्य में भी ऐसे आयोजनों की अपेक्षा की जाती है।

