दिनकर-प्रताप नारायण मिश्र जयंती समारोह में नाट्य पुस्तक ‘जिज्ञासा’ का लोकार्पण
तुलसी भवन में ‘कथा मंजरी’ के तहत 14 कहानियों का हुआ पाठ
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर। सिंहभूम जिला हिंदी साहित्य सम्मेलन/तुलसी भवन द्वारा प्रयाग कक्ष में मासिक ‘कथा मंजरी’ के साथ रामधारी सिंह ‘दिनकर’ एवं प्रताप नारायण मिश्र जयंती समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर युवा नाटककार संदीप सिंह ‘गौतम’ कृत नाट्य पुस्तक ‘जिज्ञासा’ का लोकार्पण किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता तुलसी भवन के अध्यक्ष सुभाष चन्द्र मुनका ने की, जबकि संचालन साहित्य समिति की मार्गदर्शिका नीलिमा पाण्डेय ने किया। दीप प्रज्वलन एवं शकुंतला शर्मा की सरस्वती वंदना से कार्यक्रम की शुरुआत हुई। स्वागत वक्तव्य तुलसी भवन के मानद महासचिव डॉ. प्रसेनजित तिवारी ने दिया। कैलाश नाथ शर्मा ‘गाजीपुरी’ एवं वसंत जमशेदपुरी ने क्रमशः दिनकर और प्रताप नारायण मिश्र के साहित्यिक जीवन पर प्रकाश डाला।
दूसरे सत्र में अतिथियों ने संदीप सिंह ‘गौतम’ की नाट्य पुस्तक ‘जिज्ञासा’ का लोकार्पण किया। प्रतिभा प्रसाद ‘कुमकुम’ ने पुस्तक एवं नाटककार की साहित्यिक सराहना की। मनीष सिंह ‘वंदन’ ने लेखक का परिचय प्रस्तुत किया। तुलसी भवन की ओर से लेखक को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र, स्मृति चिह्न एवं श्रीफल देकर सम्मानित किया गया।
14 कहानियों का हुआ पाठ
‘कथा मंजरी’ के तहत माधवी उपाध्याय, ममता कर्ण ‘मनस्वी’, डॉ. अरुण कुमार शर्मा, डॉ. उदय प्रताप हयात, सुरेश चन्द्र झा, नीता सागर चौधरी, प्रतिभा प्रसाद ‘कुमकुम’, मंजु कुमारी, शकुंतला शर्मा, वीणा कुमारी ‘नंदिनी’, वसंत जमशेदपुरी, सुधा गोयल, रीना गुप्ता ‘श्रुति’, प्रेमलता ठाकुर और वंदना केसर भारती की रचनाओं का पाठ हुआ। यमुना तिवारी ‘व्यथित’ ने कहानियों पर समीक्षात्मक टिप्पणी की तथा धन्यवाद ज्ञापन किया।
मौके पर डॉ. रागिनी भूषण, डॉ. अजय कुमार ओझा, सुरेश चन्द्र झा, नीता सागर चौधरी, प्रतिभा प्रसाद ‘कुमकुम’, शकुंतला शर्मा, वीणा कुमारी ‘नंदिनी’, मंजु कुमारी, विजय लक्ष्मी ‘वेदना’, माधवी उपाध्याय, प्रेमलता ठाकुर, ममता कर्ण ‘मनस्वी’, दिव्येन्दु त्रिपाठी, डॉ. अरुण कुमार शर्मा, हरभजन सिंह ‘रहबर’, अजय कुमार गुप्ता, केशव राय, मनीष सिंह ‘वंदन’, मनीष कुमार पाठक, संदीप सिंह ‘गौतम’, कैलाश नाथ शर्मा ‘गाजीपुरी’, डॉ. उदय प्रताप हयात, यमुना तिवारी ‘व्यथित’, वसंत जमशेदपुरी, वंदना केशव भारती, बलविंदर सिंह, प्रदीप कुमार मिश्र, जितेश तिवारी, रीना गुप्ता ‘श्रुति’, रीति झा और सुधा गोयल सहित अनेक साहित्यकार उपस्थित रहे।

