स्वतंत्रता दिवस पर कुंडहित प्रखंड परिसर में ध्वजारोहण, जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों ने साझा किए विचार
निजाम खान।राष्ट्र संवाद
जामताड़ा: स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर कुंडहित प्रखंड परिसर में हर्षोल्लास के साथ झंडोतोलन किया गया।कुंडहित प्रखंड प्रमुख रामकिशोर मुर्मू ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं आमजन को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएँ दीं। इस अवसर पर पूरे परिसर में देशभक्ति का वातावरण देखने को मिला।
ध्वजारोहण के बाद प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) मोहम्मद जमाले राजा ने सभा को संबोधित किया। उन्होंने स्वतंत्रता दिवस के ऐतिहासिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह दिन हमें उन वीर स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान की याद दिलाता है, जिन्होंने अपने प्राणों की आहुति देकर देश को गुलामी की जंजीरों से मुक्त कराया। उन्होंने उपस्थित लोगों से आह्वान किया कि हम सब मिलकर उनके आदर्शों पर चलें और समाज तथा देश के विकास में अपना योगदान दें।
बीडीओ ने यह भी कहा कि आजादी के अमृत महोत्सव के इस दौर में हमें नई ऊर्जा के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और ग्रामीण विकास जैसे क्षेत्रों में आगे बढ़ने का संकल्प लेना चाहिए।
मौके पर कुंडहित सर्किल के पुलिस इंस्पेक्टर मोहम्मद फारुक,कुंडहित थाना प्रभारी प्रदीप कुमार, उप-प्रमुख नसीबुल खान,प्रखंड पशुपालन पदाधिकारी डाॅ विनय कुमार, जिप सदस्या बंदना खां,जिप सदस्या रीना मंडल एवं स्वच्छता विभाग के प्रखंड काॅ-ऑडिनेटर मोहम्मद रफीक होसेन,प्रखंड प्रधान लीपीक अबरार अहमद खान,टीएमसी जिलाध्यक्ष मुस्ताक सेख, अनंत मंडल,देवराज तिवारी,कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद घोष,
पंचायत प्रतिनिधियों, प्रखंड कर्मियों, शिक्षकगण, सामाजिक कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों की उपस्थिति रही। उपस्थित जनसमूह ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका उत्साहवर्धन किया। कार्यक्रम में शांति और अनुशासन बनाए रखने में पुलिस प्रशासन का भी सक्रिय सहयोग देखने को मिला।
समापन पर बीडीओ मोहम्मद जमाले राजा ने सभी को एकजुट होकर प्रखंड की तरक्की के लिए कार्य करने का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस हमें यह भी याद दिलाता है कि हम सब भारतीय पहले हैं और जाति, धर्म या क्षेत्र के आधार पर भेदभाव किए बिना राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखना चाहिए।
पूरे परिसर में “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के जयघोष गूँजते रहे। स्वतंत्रता दिवस का यह आयोजन लोगों में देशप्रेम और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को और भी मजबूत करने वाला साबित हुआ।

