
पर्रा हाई स्कूल के मैदान में दो दिवसीय वॉलीबॉल टूर्नामेंट आयोजित किया गया, जिसने स्थानीय युवाओं और खेल प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह भर दिया। बेगूसराय जिले के वीरपुर प्रखंड के अंतर्गत पर्रा हाई स्कूल के प्रांगण में नवयुवक जागरण समिति, पर्रा के तत्वावधान में इस खेल महाकुंभ का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह आयोजन न केवल एक खेल प्रतियोगिता थी, बल्कि क्षेत्र की खेल प्रतिभाओं को निखारने का एक बेहतरीन मंच भी साबित हुई।
पर्रा हाई स्कूल के मैदान में दो दिवसीय वॉलीबॉल टूर्नामेंट आयोजित का उत्साह
इस भव्य कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन वीरपुर की जिला परिषद सदस्या शिल्पी कुमारी और राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित वरिष्ठ शिक्षक संत कुमार सहनी ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया। उद्घाटन समारोह के दौरान उपस्थित जनसमूह ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया। कार्यक्रम की शुरुआत में माध्यमिक विद्यालय पर्रा के छोटे-छोटे बच्चों द्वारा प्रस्तुत मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने उपस्थित सैकड़ों ग्रामीण दर्शकों का दिल जीत लिया। बच्चों की कलात्मक प्रस्तुति ने यह साबित कर दिया कि क्षेत्र में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है।
मंच पर विशिष्ट अतिथि के रूप में कई सम्मानित गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। इनमें जगदर हाई स्कूल के प्रधानाध्यापक सुकुमार सहनी, फजिलपुर मध्य विद्यालय के प्रधानाध्यापक रंजन कुमार झा, और पर्रा मध्य विद्यालय के प्रधानाध्यापक मनोज कुमार झा प्रमुख रूप से शामिल थे। इनके साथ ही सहायक शिक्षक सर्वेश कुमार झा, गणेश कुमार झा एवं पूर्व मुखिया बौए लाल दास ने भी अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई।
नवयुवक जागरण समिति के अध्यक्ष ऋषभ कुमार ने बताया कि इस प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य युवाओं को खेल के प्रति प्रेरित करना और उन्हें एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा का अवसर प्रदान करना था। उन्होंने कहा, “खेल से न केवल शारीरिक विकास होता है, बल्कि टीम भावना और अनुशासन का भी बोध होता है। हम आगे भी इस तरह के आयोजन करते रहेंगे।”
टूर्नामेंट का अंतिम और सबसे रोमांचक मुकाबला ग्रैंड फाइनल के रूप में पर्रा बनाम वीरपुर के बीच खेला गया। दोनों ही टीमें अत्यंत मजबूत थीं, लेकिन अंततः पर्रा की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए वीरपुर को दो सेटों में सीधे मात देकर विजेता होने का गौरव प्राप्त किया। फाइनल मैच की हर गेंद पर दर्शकों का उत्साह देखते ही बनता था। समापन समारोह में विजेता और उपविजेता टीमों को ट्रॉफी और मेडल देकर सम्मानित किया गया। आयोजन को सफल बनाने में समिति के सभी सदस्यों और स्थानीय ग्रामीणों का योगदान अविस्मरणीय रहा।
लेखक: राष्ट्र संवाद संवाददाता

