राष्ट्र संवाद संवाददाता
जादूगोड़ा स्थित यूसीआईएल (यूसिल) के रियर गेट के समीप करीब 60 लाख रुपये की लागत से हाल ही में निर्मित पुलिया एक महीने के भीतर ही टूटने लगी है। पुलिया की ऐसी हालत सामने आने के बाद निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं। जानकारी के अनुसार, इस पुलिया का निर्माण गर्ग कंस्ट्रक्शन, घाटशिला (प्रोपराइटर राकेश अग्रवाल) द्वारा कराया गया था, जबकि इसका पूरा फंड यूसीआईएल की ओर से दिया गया था। लेकिन निर्माण के महज एक महीने के भीतर ही पुलिया में दरारें पड़ने लगी हैं और कई हिस्सों में टूट-फूट साफ नजर आ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस रास्ते से प्रतिदिन भारी संख्या में बड़े-बड़े हाइवा और मालवाहक वाहन यूसीआईएल परिसर के अंदर प्रवेश करते हैं। साथ ही, सैकड़ों श्रद्धालु इसी मार्ग से होकर जादूगोड़ा के प्रसिद्ध रंकिनी मंदिर भी जाते हैं। ऐसे में पुलिया का कमजोर होना किसी बड़े हादसे को न्योता दे सकता है। ग्रामीणों और स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया, जिसके कारण इतनी कम अवधि में ही पुलिया जर्जर हो गई। लोगों ने इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। स्थानीय लोगों ने यह भी कहा कि अगर समय रहते पुलिया की मरम्मत नहीं कराया गया, तो आने वाले दिनों में बड़ा हादसा हो सकता है। प्रशासन और यूसीआईएल प्रबंधन से इस मामले में शीघ्र हस्तक्षेप की मांग की जा रही है।

