सीएसआईआर-एनएमएल में ईएमबीटी-2025 का सफल समापन,खनिज परिशोधन तकनीकों पर हुआ मंथन
तीन दिवसीय संगोष्ठी में 22 संस्थानों के 150 से अधिक विशेषज्ञों ने लिया भाग, 66 शोध पत्र हुए प्रस्तुत
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर:सीएसआईआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला (एनएमएल), जमशेदपुर में आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी “खनिज परिशोधन प्रौद्योगिकियों में उभरते रुझान (ईएमबीटी-2025)” का समापन समारोह आज संपन्न हुआ। इस सम्मेलन में देशभर के 22 संस्थानों से आए 150 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया और कुल 66 तकनीकी शोध पत्र प्रस्तुत किए। सम्मेलन के दौरान टाटा स्टील, कोल इंडिया, सेल, जेएसडब्ल्यू स्टील, सेंट-गोबैन, हिंदुस्तान कॉपर जैसे प्रमुख संस्थानों ने सहभागिता की। भारतीय रिज़र्व बैंक रांची के क्षेत्रीय निदेशक प्रेम रंजन प्रसाद सिंह सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।

मुख्य अतिथि श्री मनोज कुमार (निदेशक, भूविज्ञान, झारखंड सरकार) ने महत्वपूर्ण और रणनीतिक खनिजों की खोज और उन्नत परिशोधन तकनीकों की आवश्यकता पर बल दिया। एनएमएल निदेशक डॉ. संदीप घोष चौधरी ने संस्थान की उपलब्धियों और प्रतिभागियों के योगदान की सराहना की। आयोजन के संयोजक डॉ. आर.के. रथ ने फीडबैक सत्र का संचालन किया, जबकि अध्यक्ष डॉ. डी.के. मिश्रा ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।

सम्मेलन के विभिन्न तकनीकी सत्रों और पोस्टर प्रेजेंटेशन के विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए गए। विजेताओं में विग्नेश वी (जेएसडब्ल्यू स्टील), अक्षय कुमार, मोनिका साहू (सीएसआईआर-एनएमएल), एस.के. चौरसिया (एनएमडीसी), नीरज कुमार (टाटा स्टील), करमजीत शर्मा (एएम/एनएस इंडिया) सहित अन्य प्रतिभागी शामिल रहे। कार्यक्रम में सांस्कृतिक संध्या ने भी प्रतिभागियों को आनंदित किया। एनएमएल के खनिज परिशोधन प्रभाग द्वारा भविष्य में भी ऐसे आयोजन जारी रखने की घोषणा की गई।


