Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » दक्षिण अफ्रीका की संसद में भीषण आग, काबू पाने में लगीं दमकल की 35 गाडिय़ां
    Breaking News Headlines अन्तर्राष्ट्रीय

    दक्षिण अफ्रीका की संसद में भीषण आग, काबू पाने में लगीं दमकल की 35 गाडिय़ां

    Devanand SinghBy Devanand SinghJanuary 3, 2022No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    केपटाउन. दक्षिण अफ्रीका के केपटाउन में स्थित संसद भवन में आग लग गई है. दमकल विभाग की 35 गाडिय़ां मौके पर पहुंच गई है और फायरफाइटर्स आग बुझाने में लगे हुए हैं. आग लगने की वजह से संसद के कई हिस्से जलकर खाक होने की आशंका है. स्थानीय समयानुसार, आज सुबह करीब 5 बजे हाउस ऑफ पार्लियामेंट में आग लगी.

    संसद में आग लगने की कई तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किए जा रहे हैं. इनमें संसद भवन से आग की लपटें और गहरा काला धुंआ निकलते देखा जा सकता है. आग की लपटें इतनी तेज हैं कि कई मील दूर से नजर आ रही हैं. साथ ही धुंआ आसपास के इलाके में फैल गया है.

    आग लगने का कारण अभी साफ नहीं

    आग लगने की वजह अभी तक पता नहीं चल पाई है. हालांकि, मीडिया रिपोर्ट्स में शार्ट सर्किट से आग लगने की आशंका जताई जा रही है. यह भी अभी साफ नहीं हो पाया है कि बिल्डिंग के अंदर कोई व्यक्ति फंसा है या नहीं. फायर एंड रेस्क्यू सर्विस के ऑफिसर जर्मेन कैरल्स ने बताया कि छत पर कोलतार भी पिघल रहा है, जो अच्छा संकेत नहीं है.

    दक्षिण अफ्रीका की संसद के बारे में

    दक्षिण अफ्रीकी संसद भवन के मुख्य तीन हिस्से हैं. इनमें ओरिजिनल और सबसे पुरानी इमारत शामिल है जो 1884 में बनी थी. इसके सबसे नए हिस्से 1920 और 1980 में बनाए गए, जो कि नेशनल असेंबली में हैं. पिछले साल अप्रैल में केपटाउन यूनिवर्सिटी की लाइब्रेरी में आग लग गई थी, जिसमें अफ्रीकी आर्काइव का यूनिक कलेक्शन था.

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous ArticleHyundai कारों की बिक्री में भारी गिरावट दर्ज, कंपनी को पछाड़ TATA दूसरे नंबर पर
    Next Article पटियाला में थूक वाली रोटी खा रहे थे लोग, ढाबे का कर्मचारी रोटी पर थूकता फिर तंदूर में डालता

    Related Posts

    यूसीआईएल में हड़ताल का नहीं थम रहा सिलसिला, सीएमडी डॉ. कंचन आनंद और डीएफ विक्रम केसरी दास कटघरे में

    June 18, 2026

    मानगो में पुलिस चेकिंग पर टेंपो चालक की पिटाई का आरोप, चालकों ने किया सड़क जाम

    June 18, 2026

    सीसीई डिवीजन के रक्तदान शिविर में 76 यूनिट रक्त संग्रहित, पंकज गुप्ता सम्मानित

    June 18, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    राजनीति में दल-बदल: आंतरिक असंतोष से चुनौती

    भाटीन माइंस में ठेका कंपनी पर मजदूरों का आक्रोश 72 घंटे का अल्टीमेटम मांग पूरी नहीं हुई तो होगी हड़ताल

    महुलिया तक एनएच-33 सुदृढ़ीकरण कार्य का भूमि पूजन, संजय सेठ ने राज्य सरकार पर साधा निशाना- कांग्रेस की वैशाखी पर सरकार खड़ी है

    सरायकेला में बालू लदे ट्रैक्टर ने महिला को कुचला, मौत

    दिनदहाड़े महिला से लूट, अंतरराष्ट्रीय एथलीट के परिवार को बनाया निशाना, 7 लाख के गहने और मोबाइल लेकर फरार बदमाश

    घायल मजदूर को मिला न्याय, BKMS की पहल पर कंपनी ने स्थायी नौकरी देने पर दी सहमति

    यूसीआईएल में हड़ताल का नहीं थम रहा सिलसिला, सीएमडी डॉ. कंचन आनंद और डीएफ विक्रम केसरी दास कटघरे में

    गंगा को बचाना: भारत के भविष्य का संकल्प

    CM सोरेन से मिले नव निर्वाचित राज्यसभा सांसद बैद्यनाथ राम

    उलवे में देह व्यापार रैकेट का भंडाफोड़: 2 नाबालिग मुक्त, एजेंट गिरफ्तार

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.