रिपोर्ट – अमन ओझा (ब्यूरो चीफ, कोल्हान)
झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले के सोनुआ प्रखंड में अवैध बालू परिवहन को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। बालू लदे ट्रैक्टरों को रोकने को लेकर भड़के ट्रैक्टर मालिकों और चालकों ने सोनुआ अंचल कार्यालय में धावा बोलकर जमकर हंगामा किया और अंचल अधिकारी सहित कार्यालय में अस्थायी रूप से कार्यरत कंप्यूटर ऑपरेटर जवाहरलाल दास के साथ धक्का-मुक्की की। ट्रैक्टर मालिकों और चालकों का आरोप है कि होली के दिन नशे में धुत कंप्यूटर ऑपरेटर जवाहरलाल दास ने सोनुआ-गुदड़ी मार्ग में बालू लदे ट्रैक्टरों को रोककर चालकों से मारपीट की, टायर की हवा निकाल दी, एक ट्रैक्टर की बैटरी खोलकर ले गए और रंगदारी की मांग की। आरोप यह भी है कि पैसे नहीं होने पर चालकों से यूपीआई के माध्यम से रकम वसूली गई। घटना के कई वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। इसके विरोध में 5 मार्च को करीब सौ की संख्या में ट्रैक्टर मालिक और चालक अंचल कार्यालय पहुंच गए और सीओ का घेराव कर कंप्यूटर ऑपरेटर को हटाने की मांग पर अड़ गए। इस दौरान कार्यालय परिसर में जमकर गाली-गलौज और धक्का-मुक्की हुई। बाद में सीओ के हस्तक्षेप से मामला शांत कराया गया और ट्रैक्टर मालिकों से लिए गए रुपये व बैटरी वापस कराई गई। वहीं इस पूरे प्रकरण के बाद कंप्यूटर ऑपरेटर जवाहरलाल दास पर म्यूटेशन के नाम पर अवैध वसूली और जमीन के कागजात में गड़बड़ी करने जैसे गंभीर आरोप भी लगने लगे हैं। अंचल अधिकारी ने बताया कि ट्रैक्टर चालकों से मारपीट और पैसे की उगाही की शिकायत मिली है तथा अस्थायी कंप्यूटर ऑपरेटर को हटाने के लिए वरीय अधिकारियों को सूचना दे दी गई है। हालांकि क्षेत्र में जारी अवैध बालू परिवहन पर प्रशासन की कार्रवाई को लेकर अब भी सवाल उठ रहे हैं।

