यूसील में समझौते के बाद भी मृतक आश्रितों को नहीं मिला नियुक्ति पत्र, ठेका मजदूरों में नाराजगी
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जादूगोड़ा:यूसिल (यूरेनियम कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड) की जादूगोड़ा यूरेनियम प्रोजेक्ट में ठेका मजदूरों की सात सूत्री मांगों को लेकर 13 से 15 जनवरी तक हड़ताल की गई थी। यह आंदोलन पूर्व जिला परिषद सदस्य बाघराय मार्डी के नेतृत्व में हुआ था।
हड़ताल के बाद 15 जनवरी को यूसिल के प्रशासनिक भवन सभागार में घाटशिला विधायक सोमेश सोरेन की अध्यक्षता में वार्ता हुई थी। बैठक में यूसिल प्रबंधन, स्थानीय जनप्रतिनिधि और मजदूर प्रतिनिधियों ने भाग लिया था।
वार्ता के दौरान यह सहमति बनी थी कि यूसिल में कार्य के दौरान मृत दो ठेकाकर्मियों—जादूगोड़ा के स्व. श्याम सोरेन की पत्नी रावदे सोरेन और तुरामडीह के स्व. जयराम हांसदा की पत्नी सोमवारी हांसदा—को 15 फरवरी तक नियुक्ति पत्र दिया जाएगा। इसके लिए 20 जनवरी को मुंबई में होने वाली बोर्ड बैठक में मंजूरी लेने की बात भी कही गई थी।
हालांकि समझौते के बाद भी अब तक मृतक आश्रितों को नियुक्ति पत्र नहीं मिलने से ठेका मजदूरों में भारी नाराजगी है। मजदूर नेताओं का कहना है कि लिखित समझौते के बावजूद यूसिल प्रबंधन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
पूर्व जिप सदस्य बाघराय मार्डी ने बताया कि इस संबंध में कई बार यूसिल प्रबंधन से वार्ता की गई, लेकिन अब तक कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिला है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही आश्रितों को नियुक्ति पत्र नहीं दिया गया तो ठेका मजदूर फिर से हड़ताल पर जा सकते हैं।
मजदूरों का कहना है कि बार-बार हड़ताल की स्थिति बनने से यूसिल की छवि भी प्रभावित हो रही है। वहीं सीएमडी द्वारा लिखित समझौते के बावजूद नियुक्ति पत्र नहीं दिए जाने पर प्रबंधन की कार्यशैली पर भी सवाल उठने लगे

