विद्यालय अवधि में अतिरिक्त कार्यों से शिक्षण बाधित, पूर्वी सिंहभूम के शिक्षकों ने उपायुक्त को सौंपा ज्ञापन
राष्ट्र संवाद संवाददाता
अखिल झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ, पूर्वी सिंहभूम जिला कमेटी ने विद्यालय अवधि के दौरान शिक्षकों पर थोपे जा रहे विभिन्न गैर-शैक्षणिक कार्यों पर आपत्ति जताते हुए उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा। संघ ने मांग की है कि शिक्षकों से कराए जाने वाले पुस्तक/सामग्री उठाव, MDM चावल वितरण, BLO कार्य, आधार/बैंक/साइकिल कार्य जैसे अतिरिक्त कार्यों को व्यवस्थित किया जाए, ताकि बच्चों की शिक्षा बाधित न हो।

संघ का कहना है कि URC/BRC से पुस्तक, स्कूल किट, नोटबुक, बैग व अन्य सामग्री उठाव के लिए कोई समुचित भाड़ा प्रावधान नहीं है, जिससे शिक्षकों को अपनी जेब से पैसे खर्च करने पड़ते हैं। साथ ही, विद्यालय अवधि में MDM चावल उठाव की जिम्मेदारी भी शिक्षकों पर ही डाल दी गई है, जबकि विभाग ने इसे डोर-स्टेप डिलीवरी से भेजने का निर्देश दिया है, जो अमल में नहीं आ रहा।

संघ ने गुरुगोष्ठी, रिपोर्ट जमा, प्रशिक्षण, आधार शिविर, नामांकन अभियान, बच्चों की नेत्र जांच, बैंक कार्य, SMC खाता निकासी आदि को विद्यालय अवधि में कराए जाने पर आपत्ति जताई है और कहा है कि इससे पढ़ाई बाधित होती है। उन्होंने BLO कार्य से शिक्षकों को मुक्त करने, सभी सामग्री की डिलीवरी विद्यालय या संकुल तक कराने, गुरुगोष्ठी SOP के अनुसार विद्यालय अवधि में कराने, और CRP के माध्यम से रिपोर्ट संग्रह की व्यवस्था लागू करने की मांग की है।

संघ ने आग्रह किया कि यदि उपयुक्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, तो शिक्षक विद्यालय अवधि में पूरी तरह बच्चों के पठन-पाठन में समर्पित रह सकेंगे और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी।

