यूसिल में जयराम महतो की एंट्री से मची खलबली महिला होमगार्ड को मिला न्याय, प्रबंधन को झुकना पड़ा | मजदूरों को मिला नया सहारा
मुख्य संवाददाता राष्ट्र संवाद
जादूगोड़ा:झारखंड में “युवा टाइगर” के नाम से चर्चित डुमरी विधायक एवं झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के प्रमुख जयराम महतो की यूसिल (यूरेनियम कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड) में सक्रिय एंट्री से प्रबंधन में हड़कंप मच गया है। गुरुवार को मोर्चा के बैनर तले एक महिला होमगार्ड कुईली मुर्मू को न्याय दिलाने के लिए अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया गया, जिसका असर तुरंत दिखाई दिया।

धरने के नेतृत्व में मोर्चा की ग्रामीण जिला महिला अध्यक्ष पूनम महतो थीं। उनके नेतृत्व में पीड़ित महिला की शिकायत पर त्वरित वार्ता हुई, जिसमें आरोपी सुरक्षा कर्मी मिथिलेश कुमार सिंह का तबादला करने और एक महीने के भीतर जांच कर कार्रवाई करने का आश्वासन यूसिल प्रबंधन को देना पड़ा। इससे पीड़िता सहित समर्थकों में भारी हर्ष देखा गया।

मजदूरों को मिला नया भरोसा
यूसिल के कई मजदूरों ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि वर्षों से मजदूर संगठनों की निष्क्रियता से वे उपेक्षित महसूस कर रहे थे। जयराम महतो के नेतृत्व वाले मोर्चा की सक्रियता ने उन्हें उम्मीद की नई किरण दी है। मजदूरों ने कहा कि यूसिल प्रबंधन द्वारा सुविधाओं में लगातार कटौती और मानसिक शोषण की स्थिति से कोई लड़ नहीं रहा था, लेकिन अब मोर्चा ने खुलकर आवाज उठाई है।

यूनियनों और अन्य दलों में बेचैनी
झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा की सक्रियता से अन्य यूनियन नेताओं और राजनीतिक दलों में भी हलचल बढ़ गई है। अब तक कोई भी दल यूसिल प्रबंधन के खिलाफ खुलकर नहीं आया था, लेकिन इस घटनाक्रम ने समीकरण बदल दिए हैं।

यूसिल में लगातार उठ रहे हैं उत्पीड़न के सवाल
हाल ही में यूसिल सीएमडी पर भी महिला उत्पीड़न का मामला दर्ज हुआ है, जिससे प्रबंधन की छवि पर दाग लगा है। अब मोर्चा ने साफ संकेत दिया है कि वे यूसिल के अंदर मजदूरों के हक और गरिमा की लड़ाई को तेज करेंगे। मजदूरों के प्रमुख मुद्दे जिन पर उठी आवाज: क्वार्टरों की जर्जर स्थिति अस्पताल का केवल रेफरल सेंटर बन जाना घटिया कैंटीन व्यवस्था खराब पेयजल भत्तों का भुगतान न होना वीआरएस से जुड़े विवाद

मोर्चा नेताओं ने चेताया कि यदि जल्द सुधार नहीं हुआ, तो बड़ा आंदोलन होगा। साथ ही, आसपास के क्षेत्रों के विकास में हो रही देरी को लेकर भी मोर्चा जल्द कार्रवाई की तैयारी में है। अब यूसिल के मजदूर, महिलाएं और स्थानीय लोग मोर्चा की ओर उम्मीद से देख रहे हैं। मोर्चा के पदाधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि उनकी नजरें यूसिल प्रबंधन पर बनी हुई हैं और यह सिर्फ शुरुआत है।


