Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » झारखंड में धान बेचने को किसान भटकने को मजबूर।
    Breaking News Headlines कारोबार खबरें राज्य से चाईबासा जमशेदपुर झारखंड सरायकेला-खरसावां हजारीबाग

    झारखंड में धान बेचने को किसान भटकने को मजबूर।

    dhiraj KumarBy dhiraj KumarApril 11, 2026No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    झारखंड  में धान बेचने को किसान भटकने को मजबूर।

    राष्ट्र संवाद संवाददाता

    झारखंड में धान अधिप्राप्ति को लेकर इन दिनों गंभीर असमंजस की स्थिति बनी हुई है। एक ओर प्रेस मीडिया में लगातार यह खबरें सामने आ रही हैं कि धान खरीद की अंतिम तिथि बढ़ा दी गई है, वहीं दूसरी ओर सरकार या संबंधित विभाग की ओर से अब तक कोई स्पष्ट आधिकारिक आदेश जारी नहीं किया गया है। इस विरोधाभासी स्थिति का सीधा असर राज्य के किसानों पर पड़ रहा है।

    केंद्रों का चक्कर, फिर भी समाधान नहीं

    जमीनी स्तर पर हालात बेहद चिंताजनक हैं। किसान अपनी उपज बेचने के लिए बार-बार लैम्पस (LAMPS) और पैक्स (PACS) केंद्रों का चक्कर लगाने को मजबूर हैं। तिथि को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश नहीं होने के कारण कई किसानों को बिना धान बेचे ही लौटना पड़ रहा है। इससे उनका समय, श्रम और संसाधन—तीनों व्यर्थ हो रहे हैं, साथ ही आर्थिक नुकसान की आशंका भी लगातार बढ़ रही है।

    पूर्वी सिंहभूम के किसानों में सबसे ज्यादा परेशानी

    पूर्वी सिंहभूम जिले, जिसे धान का कटोरा भी कहा जाता है, यहां के किसानों का कहना है कि यदि तिथि बढ़ाने का निर्णय लिया गया है तो उसे तत्काल सार्वजनिक किया जाना चाहिए। वहीं, यदि ऐसा कोई निर्णय नहीं लिया गया है, तो भी सरकार को स्पष्ट रूप से स्थिति सामने रखनी चाहिए, ताकि किसानों में भ्रम की स्थिति समाप्त हो सके।

    विभाग की चुप्पी ने बढ़ाई मुश्किलें

    इस पूरे मामले में संबंधित विभाग की चुप्पी ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है। स्पष्ट दिशा-निर्देश के अभाव में न केवल किसान असमंजस में हैं, बल्कि खरीद केंद्रों पर कार्यरत कर्मचारी भी उचित निर्णय लेने में असमर्थ नजर आ रहे हैं।

    राज्यभर से मिल रही शिकायतें

    राज्य के विभिन्न जिलों से लगातार शिकायतें सामने आ रही हैं कि किसान धान बेचने के लिए लंबी दूरी तय कर केंद्रों तक पहुंच रहे हैं, लेकिन वहां भी उन्हें कोई ठोस जानकारी नहीं मिल पा रही है। इससे किसानों में नाराजगी और चिंता दोनों बढ़ती जा रही है।

    किसानों की मांग

    किसानों ने सरकार से मांग की है कि धान अधिप्राप्ति की तिथि को लेकर जल्द से जल्द आधिकारिक अधिसूचना जारी की जाए तथा सभी खरीद केंद्रों को स्पष्ट निर्देश दिए जाएं, ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

    झारखंड में धान बेचने को किसान भटकने को मजबूर।
    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleअरका जैन विश्वविद्यालय: अंग्रेज़ी विभाग द्वारा शोध प्रबंध लेखन पर शैक्षणिक सत्र का आयोजन
    Next Article घर में घुसी महिला चोर रंगे हाथ पकड़ी गई, जुगसलाई में हड़कंप, पुलिस कर रही गिरोह कनेक्शन की जांच

    Related Posts

    लोकसभा में हिरोशिमा और नागासाकी के पीड़ितों को श्रद्धांजलि दी गई

    August 6, 2026

    बंबई उच्च न्यायालय ने 2013 के यौन उत्पीड़न मामले में तरुण तेजपाल को दोषी ठहराया

    August 6, 2026

    रेल कर्मचारियों के 21 साल से बड़े बच्चों को भी मुफ्त चिकित्सा का मिलेगा लाभ, बोर्ड ने जारी किये आदेश

    August 6, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    लोकसभा में हिरोशिमा और नागासाकी के पीड़ितों को श्रद्धांजलि दी गई

    बंबई उच्च न्यायालय ने 2013 के यौन उत्पीड़न मामले में तरुण तेजपाल को दोषी ठहराया

    रेल कर्मचारियों के 21 साल से बड़े बच्चों को भी मुफ्त चिकित्सा का मिलेगा लाभ, बोर्ड ने जारी किये आदेश

    यूपी में बड़ा हादसा : प्रतापगढ़ में बारिश के दौरान ढहा घर, एक ही परिवार के छह सदस्यों की मौत

    दिल्ली में झमाझम बारिश, उमस से राहत; ‘ऑरेंज’ अलर्ट जारी

    झारखंड में छात्रों का विरोध-प्रदर्शन तेज, मुख्यमंत्री सोरेन ने बातचीत की पेशकश की

    रुपया शुरुआती कारोबार में डॉलर के मुकाबले नौ पैसे टूटकर 95.17 पर

    उत्तराखंड में लगातार बारिश से नदियां उफान पर, खतरे के निशान पर पहुंचीं

    सिद्धिविनायक मंदिर दान घोटाले पर बड़ा एक्शन, 5 साल के चढ़ावे का होगा ऑडिट, 9 गिरफ्तार, 46 कर्मचारी निलंबित

    Meta ने पीएम मोदी का वीडियो डिलीट करने के लिए मांगी माफी, संसदीय समिति ने दिया था 48 घंटे का अल्टीमेटम

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.