यूसील जादूगोड़ा में ठेका मजदूरों की हड़ताल से प्रबंधन पर उठे सवाल, भुगतान व संवाद की विफलता उजागर
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जादूगोड़ा।यूरेनियम कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (यूसील) जादूगोड़ा में ठेका मजदूरों की लगातार जारी हड़ताल ने कंपनी के शीर्ष प्रबंधन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मजदूर संगठनों का आरोप है कि 3–4 दिसंबर की हड़ताल के बाद 10 दिनों में समाधान का लिखित आश्वासन दिया गया था, लेकिन तय समयसीमा बीतने के बावजूद भुगतान और अन्य मांगों पर अमल नहीं हुआ, जिससे मजदूरों में भारी आक्रोश है।
संयुक्त यूनियन का कहना है कि नए सीएमडी डॉ. कचम आनंद राव के कार्यकाल में कई बार आंदोलन हो चुके हैं, बावजूद इसके यूनियनों और मजदूरों से नियमित संवाद स्थापित नहीं हो पाया। वहीं डायरेक्टर फाइनेंस विक्रम केसरी दास के अधीन भुगतान प्रक्रिया में लगातार देरी को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार विभागीय समन्वय की कमी के कारण फाइलें समय पर एकाउंट्स विभाग तक नहीं पहुंचीं। हड़ताल से प्रोडक्शन बाधित हुआ, करोड़ों के नुकसान के साथ पानी आपूर्ति जैसी बुनियादी सेवाएं भी प्रभावित हुईं।
मजदूर संगठनों का कहना है कि ईएल भुगतान सिर्फ एक मुद्दा है, कुल आठ मांगों में से बाकी पर भी ठोस निर्णय लंबित हैं। यूनियन ने सीएमडी पर मजदूरों की समस्याओं की अनदेखी और संवादहीनता का सीधा आरोप लगाते हुए जल्द जवाबदेही तय करने व समयबद्ध समाधान की मांग की है।

