आपत्तिजनक भोजपुरी गाने पर नाई समाज में आक्रोश, एसपी को आवेदन
50 से अधिक पदाधिकारियों ने की समयबद्ध कार्रवाई की मांग; प्राथमिकी, वीडियो हटाने और वाहनों में प्रसारण रोकने का आग्रह
बेगूसराय राष्ट्र संवाद ब्यूरो
भोजपुरी गाने में नाई समाज की बेटियों को कथित तौर पर निशाना बनाकर आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। बेटियों के सम्मान और सामाजिक सौहार्द से जुड़े इस मामले में राष्ट्रीय नाई महासभा ने अब प्रशासन का दरवाजा खटखटाया है। जिलाध्यक्ष रविंद्र कुमार पप्पू के नेतृत्व में सभी प्रखंड कमेटियों के अध्यक्ष-सचिव, सैलून समिति के प्रतिनिधि और जिला कमेटी के 50 से अधिक पदाधिकारियों ने एसपी मनीष कुमार को लिखित आवेदन देकर तत्काल प्राथमिकी दर्ज करने और समयबद्ध कार्रवाई की मांग की।
एसपी को आवेदन में प्रमुख मांगें
महासभा ने आवेदन में गायक एवं अन्य संबंधित लोगों के विरुद्ध सुसंगत कानूनी धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करने, आपत्तिजनक गीत का वीडियो यूट्यूब और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटवाने तथा निजी एवं सार्वजनिक वाहनों में इसके प्रसारण पर रोक लगाने की मांग की है। संगठन ने ऐसे वाहनों के चालक अथवा मालिक की भूमिका सामने आने पर जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई का भी आग्रह किया है।
आवेदन में लाजवाब म्यूजिक भोजपुरी प्रोडक्शन के गायक गणेश लाजवाब यादव, पिता चंदेश्वर भगत, ग्राम डुमरा, थाना पातेपुर, जिला वैशाली का उल्लेख किया गया है। महासभा का आरोप है कि गीत की भाषा और प्रस्तुति नाई समाज की लड़कियों को लक्षित करती है।
महासभा ने सरकार से भी मामले का संज्ञान लेकर जांच कराने तथा आरोप प्रमाणित होने पर गायक और संबंधित प्रोडक्शन के विरुद्ध लागू वैधानिक प्रावधानों के तहत कार्रवाई की मांग की है। पंजीकरण, लाइसेंस अथवा मान्यता से जुड़े नियमों का उल्लंघन मिलने पर सक्षम प्राधिकारी से नियमानुसार कार्रवाई का आग्रह किया गया है।
जिलाध्यक्ष रविंद्र कुमार पप्पू ने कहा कि संगठन प्रशासन से समयबद्ध कार्रवाई की अपेक्षा करता है। बिहार के विभिन्न स्थानों पर मामले को लेकर प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया चलने की बात भी संगठन की ओर से कही गई है। उन्होंने कहा कि उचित समय में कार्रवाई नहीं होने पर महासभा शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से आगे की कार्रवाई पर निर्णय लेगी।

