राष्ट्र संवाद संवाददाता
पोटका। हाता-मुसाबनी मुख्य पथ से कालिकापुर होकर बागों जाने वाली सड़क की जर्जर स्थिति से क्षेत्र के ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे, उबड़-खाबड़ सतह तथा बरसात के दिनों में कीचड़ जमा हो जाने के कारण आवागमन काफी कठिन हो जाता है।
यह सड़क मुख्य रूप से बागों एवं धीरोल गांव के लोगों के लिए आवागमन का महत्वपूर्ण मार्ग है। कालिकापुर बाजार, विद्यालय तथा अन्य आवश्यक कार्यों के लिए ग्रामीण इसी नजदीकी रास्ते का उपयोग करते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के मौसम में सड़क पूरी तरह कीचड़नुमा हो जाती है, जिससे पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। स्कूली बच्चों, बुजुर्गों एवं मरीजों को सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ती है। ग्रामीणों ने बताया कि कालिकापुर से बागों को जोड़ने के उद्देश्य से बागों की ओर एक बड़ी पुलिया का निर्माण कराया गया है, लेकिन सड़क की बदहाल स्थिति के कारण पुलिया का अपेक्षित लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है। सड़क निर्माण नहीं होने से पुलिया का औचित्य भी लगभग समाप्त हो गया है।
समस्या की गंभीरता को देखते हुए पंचायत के मुखिया बगराए सोरेन ने ग्रामीणों के साथ सड़क का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने क्षेत्र की जनता की समस्याओं को सुना तथा संबंधित विभाग से जल्द से जल्द पक्की सड़क निर्माण कराने की मांग उठाई। ग्रामीणों ने भी एक स्वर में सड़क निर्माण की मांग करते हुए कहा कि वर्षों से उपेक्षित इस मार्ग का शीघ्र जीर्णोद्धार किया जाए ताकि लोगों को आवागमन में राहत मिल सके।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे और उन्होंने सड़क निर्माण को लेकर अपनी आवाज बुलंद की। मौके पर बायलू सिंह, छोटका भगत, राजेंद्र भगत, गणेश भगत, नीमाई भगत, पुष्प दल पुराण, भगवान भगत आदि उपस्थित थे।

