Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » अपने बच्चों को संस्कार युक्त करना माता-पिता का परम कर्तव्य – आदित्य पंडित महाराज
    Breaking News Headlines कारोबार खबरें राज्य से चाईबासा जमशेदपुर झारखंड धर्म सरायकेला-खरसावां हजारीबाग

    अपने बच्चों को संस्कार युक्त करना माता-पिता का परम कर्तव्य – आदित्य पंडित महाराज

    dhiraj KumarBy dhiraj KumarNovember 18, 2025No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    अपने बच्चों को संस्कार युक्त करना माता-पिता का परम कर्तव्य – आदित्य पंडित महाराज

    राष्ट्र संवाद संवाददाता

    पोटका। पोटका प्रखंड अंतर्गत हरिना पंचायत के नारायणपुर गांव में चल रहे सात दिवसीय भागवत कथा यज्ञ के चतुर्थ दिवस के कथा में

    वृंदावन से आए कथावाचक आदित्य पंडित महाराज ने अपने व्यास पीठ से गजेंद्र मोक्ष की कथा, भक्त राजा अंबरीश जी का चरित्र, समुद्र मंथन की कथा, राम के चरित्र की कथा, चंद्रवंश की कथा व भगवान श्री कृष्ण का आविर्भाव आदि विषयों पर चर्चा करते हुए भागवत प्रेमियों को मंत्र मुग्ध कर दिए। भगवान राम के चरित्र चित्रण में उन्होंने बताया कि श्री राम हमेशा धर्म और मर्यादा के मार्ग पर चलकर जीवन जिए। वनवास और रावण वध जैसे कठिन निर्णय भी उन्होंने अपने धर्म का पालन करते हुए लिए। भागवत राम एक आदर्श पुत्र,भाई,पति और राजा के रूप में पूजनीय है। जिन्होंने हमेशा सत्य और मर्यादा का पालन किया। इसी कारण उन्हें मर्यादा पुरुषोत्तम राम कहा जाता है।

    मंगलवार को वृंदावन धाम के परम पूजनीय महाराज के पावन सानिध्य में मोक्षदायिनी व जीवन धन्य कर देने वाली पतितपावनी चतुर्थ दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा के अंत में प्रसाद का वितरण श्यामल मंडल ,सनातन मंडल ,विमल मंडल के द्वारा किया गया एवं कथा का संचालन संयुक्त रूप से आयोजक मंडली द्वारा किया गया।

    अपने बच्चों को संस्कार युक्त करना माता-पिता का परम कर्तव्य - आदित्य पंडित महाराज
    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleजीजा – साले में जमकर हुई मारपीट जीजा देवराज महतो गम्भीर रूप से घायल
    Next Article झारखंड शिक्षा परियोजना के द्वारा प्रखंड के 425 शिक्षकों का टी एन ए परीक्षा शुरू

    Related Posts

    फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने का आरोप, कैफे संचालक पुलिस के हवाले

    June 22, 2026

    भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर: राष्ट्रीय बहस तेज़

    June 22, 2026

    SIR 2026: किसी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से नहीं हटाया जाएगा

    June 21, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने का आरोप, कैफे संचालक पुलिस के हवाले

    भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर: राष्ट्रीय बहस तेज़

    SIR 2026: किसी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से नहीं हटाया जाएगा

    राम मंदिर के चढ़ावे पर चुप्पी क्यों? जवाबदेही का सवाल

    सुप्रीम कोर्ट का फैसला: फुटपाथ पर मौलिक अधिकार और अतिक्रमण की हकीकत

    The Bharat Tiwari Encounter: A National Debate on Justice, Accountability, and Public Trust

    त्रिकोणीय जंग में उत्तराखंड की राजनीति का भविष्य

    स्लम क्षेत्र के बच्चों को योग से जोड़ने की अनूठी पहल, योग दिवस पर सफल आयोजन

    जमशेदपुर महानगर के सभी मंडलों में भाजपा ने पूरे मनोयोग से मनाया 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस

    भरत तिवारी के कथित फर्जी एनकाउंटर के विरोध में साकची में कैंडल मार्च, निष्पक्ष जांच की मांग

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.