बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड में काम ठप, वनराज स्टील्स ने उठाए प्रदूषण और बकाया भुगतान के मुद्दे
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर: प्रदूषण से ग्रस्त वातावरण, पानी के पुराने बकाया में करोड़ों रुपये की देनदारी तथा कैप्टिव पावर प्लांट स्थापित करने में अनदेखी से परेशान होकर बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड के मुख्य ठेकेदार वनराज स्टील्स प्राइवेट लिमिटेड ने आज प्लांट का काम पूर्ण रूप से ठप कर दिया। यह जानकारी वनराज स्टील्स के कॉमर्शियल हेड श्री मुकेश बरेलिया ने दी।
उन्होंने बताया कि बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड के पास वनराज स्टील्स की ओर से 6 करोड़ रुपये की सिक्योरिटी डिपोजिट जमा है। वहीं बिजली विभाग के पास बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड द्वारा 3.50 करोड़ रुपये की इलेक्ट्रिसिटी सिक्योरिटी डिपोजिट जमा की गई है। इसके अलावा वनराज स्टील्स ने कैपिटल एक्सपेंडिचर के रूप में बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड के अधीन करीब 12 करोड़ रुपये खर्च किए हैं।
श्री बरेलिया के अनुसार, रॉ मटेरियल, बाय-प्रोडक्ट एवं फिनिश्ड प्रोडक्ट के रूप में बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड परिसर में वनराज स्टील्स के लगभग 8 करोड़ रुपये के सामान पड़े हुए हैं। साथ ही बकाया टीडीएस की राशि करीब 1 करोड़ रुपये है। कंपनी के स्टोर आइटम्स के रूप में भी लगभग 4.50 करोड़ रुपये का माल बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड के अंदर मौजूद है। इस प्रकार कुल मिलाकर लगभग 35 करोड़ रुपये बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड के पास वनराज स्टील्स प्राइवेट लिमिटेड के जमा बताए गए हैं।
वनराज स्टील्स के कॉमर्शियल हेड ने स्पष्ट किया कि जब तक बिहार स्पंज आयरन लिमिटेड द्वारा प्रदूषण नियंत्रण, पानी की समुचित व्यवस्था और कैप्टिव पावर प्लांट से संबंधित समस्याओं का समाधान नहीं किया जाता, तब तक वनराज स्टील्स द्वारा प्लांट का संचालन नहीं किया जाएगा।

