Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » ‘वीणा रानी पवन स्मृति सम्मान समारोह’ में साहित्य, कला और संस्कृति का संगम
    Breaking News Headlines कारोबार खबरें राज्य से चाईबासा जमशेदपुर झारखंड सरायकेला-खरसावां हजारीबाग

    ‘वीणा रानी पवन स्मृति सम्मान समारोह’ में साहित्य, कला और संस्कृति का संगम

    dhiraj KumarBy dhiraj KumarAugust 2, 2026No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    ‘वीणा रानी पवन स्मृति सम्मान समारोह’ में साहित्य, कला और संस्कृति का संगम

    राष्ट्र संवाद संवाददाता
    जमशेदपुर: बहुभाषीय साहित्यिक संस्था ‘सहयोग’ एवं विद्यादीप फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ‘वीणा रानी पवन स्मृति सम्मान समारोह’ साहित्य, कला और संस्कृति के विविध रंगों से सराबोर रहा। समारोह में साहित्य, शिक्षा एवं सांस्कृतिक क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली विभूतियों को विभिन्न सम्मानों से सम्मानित किया गया।
    कार्यक्रम का शुभारंभ डॉ. पद्मा झा द्वारा प्रस्तुत सहयोग गीत, दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुआ। डी.बी.एम.एस. कॉलेज फॉर एजुकेशन की छात्राओं ने ‘पंचतत्व’ पर आधारित आकर्षक नृत्य प्रस्तुति देकर दर्शकों की खूब सराहना बटोरी।


    संस्था की अध्यक्ष डॉ. संध्या सिन्हा ने स्वागत भाषण में संस्था की साहित्यिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों पर प्रकाश डाला, जबकि विशिष्ट अतिथि डॉ. मीरा मुंडा ने साहित्य और संस्कृति के संरक्षण की आवश्यकता पर बल दिया। मुख्य अतिथि एवं विधायक सरयू राय ने अपने संबोधन में साहित्य और कला को समाज की संवेदनशील चेतना का आधार बताते हुए ऐसे आयोजनों की सराहना की।
    समारोह में ‘सहयोग निधि सम्मान’, ‘साहित्य सृजन सम्मान’, ‘वैदुष्यमणि डॉ. वीणा रानी सम्मान’ तथा ‘डॉ. वीणा रानी प्रभा सम्मान’ प्रदान कर साहित्य और शिक्षा जगत की विभूतियों को सम्मानित किया गया।
    सांस्कृतिक सत्र का मुख्य आकर्षण राष्ट्रकवि रामधारी सिंह ‘दिनकर’ की कालजयी कृति ‘उर्वशी’ पर आधारित भव्य नृत्य-नाटिका रही। जमशेदपुर वीमेंस यूनिवर्सिटी के छात्र-छात्राओं ने प्रभावशाली अभिनय और नृत्य से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रस्तुति के बाद कलाकारों एवं निर्देशकों को अतिथियों द्वारा सम्मानित किया गया।
    कार्यक्रम के अंत में सचिव डॉ. भारती कुमारी ने धन्यवाद ज्ञापन किया। राष्ट्रगान के साथ समारोह का समापन हुआ। आयोजन ने दिवंगत शिक्षाविद् एवं साहित्यकार डॉ. वीणा रानी की स्मृति को नमन करते हुए नई पीढ़ी को साहित्य, कला और भारतीय सांस्कृतिक परंपरा से जोड़ने का सार्थक संदेश दिया।

    ‘वीणा रानी पवन स्मृति सम्मान समारोह’ में साहित्य कला और संस्कृति का संगम
    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleराष्ट्रीय बहन दिवस 2026: बहनें संस्कृति, संवेदना और सशक्त भारत की आधारशिला
    Next Article आमबागान मैदान का अविलंब हो सौंदर्यीकरण: सरयू राय

    Related Posts

    आमबागान मैदान का अविलंब हो सौंदर्यीकरण: सरयू राय

    August 2, 2026

    झारखंड के सतत विकास के लिए सभी चैम्बर एक मंच पर, नीति निर्माण में उद्योग जगत की भागीदारी पर जोर

    August 1, 2026

    चाईबासा में शिबू सोरेन की प्रतिमा को लेकर विवाद गहराया, कई कार्यकर्ता हिरासत में

    August 1, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    आमबागान मैदान का अविलंब हो सौंदर्यीकरण: सरयू राय

    ‘वीणा रानी पवन स्मृति सम्मान समारोह’ में साहित्य, कला और संस्कृति का संगम

    राष्ट्रीय बहन दिवस 2026: बहनें संस्कृति, संवेदना और सशक्त भारत की आधारशिला

    झारखंड के सतत विकास के लिए सभी चैम्बर एक मंच पर, नीति निर्माण में उद्योग जगत की भागीदारी पर जोर

    बहन का रिश्ता: राष्ट्रीय बहन दिवस 2026 पर ललित गर्ग का विशेष आलेख

    राष्ट्रीय बहन दिवस 2026: बहन संस्कृति, संवेदना और सशक्त भारत की आधारशिला – ललित गर्ग

    चाईबासा में शिबू सोरेन की प्रतिमा को लेकर विवाद गहराया, कई कार्यकर्ता हिरासत में

    चाईबासा में शिबू सोरेन की प्रतिमा को लेकर विवाद गहराया, कई सामाजिक कार्यकर्ता हिरासत में

    चाईबासा में शिबू सोरेन की प्रतिमा को लेकर विवाद, कई सामाजिक कार्यकर्ता हिरासत में

    कानून अराजकता के भय से नहीं चल सकता: लोकतंत्र में विधि के शासन का महत्व

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.