Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » पाठशाला में अब कहाँ पढ़ाई, नाटकघर में नाटक छाए
    धर्म मेहमान का पन्ना शिक्षा

    पाठशाला में अब कहाँ पढ़ाई, नाटकघर में नाटक छाए

    Devanand SinghBy Devanand SinghMay 17, 2026No Comments1 Min Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    आधुनिक शिक्षा प्रणाली
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    पाठ
    ————
    पाठशाला में अब कहाँ पढ़ाई,
    नाटकघर में नाटक छाए,
    ब्लैकबोर्ड पर धूल जमी है,
    गिनती-पहाड़े सब भरमाए।

    बेंचों में अब घुन लग बैठे,
    किताबों को कीड़े खाते,
    मोबाइल हाथों में आते ही
    माँ के डाँटों के बादल छाते।

    क्या करें भाई, सब भूल गए,
    ए प्लस बी का वर्ग विचार,
    व्हाट्सऐप और फेसबुक पर ही
    मैसेजों की लगती आग।

    परीक्षा अब ऑनलाइन होती,
    नकल से सब होते पास,
    नौकरी तो सात समंदर,
    प्रश्नपत्र होते उजागर खास।

    कोर्टों में बस तारीखें चलतीं,
    सब भ्रम में डूबे रहते,
    कोई न जाने सच की बातें,
    बंद लिफाफों में राज बहते।

    टकुस-टुकुस, खुटुस-खाटुस,
    कवि की अपनी वर्णमाला,
    वर्षांत आते ही कवियों को
    सब जपते जैसे माला।

    स्कूल-कॉलेज बंद ही रहें तो,
    चल पड़े ग्रीष्म अवकाश,
    पहाड़ों-विदेशों की यात्रा करके
    लौटे फिर से पौष मास।।

     

    लेखिका: वर्णली खारा

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleसिस्टर सरिता को मिला सर्वश्रेष्ठ प्राचार्या सम्मान: PSACWA का 15वां स्थापना दिवस
    Next Article शत-प्रतिशत रिजल्ट से चमका जीसीजेडी उच्च विद्यालय, प्राचार्य मुरारी प्रसाद सिंह सम्मानित

    Related Posts

    रिश्तों की कड़वी सच्चाई: कुछ लोग कभी आपके थे ही नहीं

    May 17, 2026

    महिला सुरक्षा: निर्भया जैसी त्रासदियां कब तक?

    May 17, 2026

    राजशेखर व्यास: साहित्य, प्रसारण और प्रेरणा के देदीप्यमान नक्षत्र

    May 17, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    जादूगोड़ा बना साइबर ठगी का गढ़, यूसिल कर्मियों से लेकर वैज्ञानिक तक करोड़ों की ठगी, कोकदा समेत कई गांवों में फैला नेटवर्क

    जंगली हाथियों के कॉरिडोर में अवैध खनन ही बना बड़ा संकट, क्या जंगली हाथियों को बांधा जा सकता है !

    शत-प्रतिशत रिजल्ट से चमका जीसीजेडी उच्च विद्यालय, प्राचार्य मुरारी प्रसाद सिंह सम्मानित

    पाठशाला में अब कहाँ पढ़ाई, नाटकघर में नाटक छाए

    सिस्टर सरिता को मिला सर्वश्रेष्ठ प्राचार्या सम्मान: PSACWA का 15वां स्थापना दिवस

    रिश्तों की कड़वी सच्चाई: कुछ लोग कभी आपके थे ही नहीं

    महिला सुरक्षा: निर्भया जैसी त्रासदियां कब तक?

    राजशेखर व्यास: साहित्य, प्रसारण और प्रेरणा के देदीप्यमान नक्षत्र

    भारत-नीदरलैंड रणनीतिक साझेदारी: भरोसे का नया युग

    कदमा मंडल में भाजपा कार्यकर्ताओं की बैठक, मंडल अध्यक्ष चयन को लेकर जताया विरोध

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.