Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » यूसिल ठेका कर्मियों को वेतन मिला, हड़ताल के 4 दिन का पैसा नहीं – नाराजगी बरकरार
    Breaking News Headlines खबरें राज्य से चाईबासा जमशेदपुर झारखंड सरायकेला-खरसावां हजारीबाग

    यूसिल ठेका कर्मियों को वेतन मिला, हड़ताल के 4 दिन का पैसा नहीं – नाराजगी बरकरार

    dhiraj KumarBy dhiraj KumarSeptember 13, 2025No Comments1 Min Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    यूसिल ठेका कर्मियों को वेतन मिला, हड़ताल के 4 दिन का पैसा नहीं – नाराजगी बरकरार

    राष्ट्र संवाद संवाददाता

    जादूगोड़ा : राष्ट्र संवाद की खबर का असर दिखा और यूसिल कॉलोनी के संपदा विभाग के 30 ठेका कर्मियों को ठेकेदार मनोरंजन सिंह ने वेतन का भुगतान कर दिया। हालांकि चार दिन की हड़ताल का पैसा नहीं मिलने से मजदूर नाराज हैं और सुबह कई घंटों तक हड़ताल पर रहे।

    मजदूरों ने आरोप लगाया कि बार-बार हड़ताल के बाद ही वेतन मिलता है, जिससे बच्चों की फीस, दवा और राशन की खरीद में दिक्कत होती है। हड़ताल के कारण कॉलोनी में गंदगी का अंबार लग गया है, जिससे कॉलोनीवासियों का रहना मुश्किल हो गया है।

    मजदूर संगठनों ने ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने की मांग की और आरोप लगाया कि अधिकारियों की मिलीभगत से ठेकेदार मनमानी कर रहा है। नया सीएमडी आने के बाद लगातार हो रही हड़तालें प्रबंधन के लिए चुनौती बन गई हैं।

    यूसिल ठेका कर्मियों को वेतन मिला हड़ताल के 4 दिन का पैसा नहीं – नाराजगी बरकरार
    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleमाँ समलेश्वरी की कृपा सभी पर बनी रहे – नुआखाई पर्व संस्कृति एकता का प्रतीक : काले
    Next Article दुर्गा पूजा में हिंदू संस्कृति के पालन की मांग, विश्व हिंदू परिषद महिला विंग का बयान

    Related Posts

    हस्तशिल्प निर्यात को बढ़ावा देने के लिए जागरूकता कार्यक्रम, उद्यमियों को दी गई अहम जानकारी

    June 17, 2026

    रांची में आरएसएस कार्यालय पर हमला: लोकतंत्र के लिए ख़तरा

    June 17, 2026

    जिला योजना समिति की बैठक में 139 विकास योजनाओं पर मंथन, 38 योजनाओं को मिली स्वीकृति

    June 17, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    हस्तशिल्प निर्यात को बढ़ावा देने के लिए जागरूकता कार्यक्रम, उद्यमियों को दी गई अहम जानकारी

    रांची में आरएसएस कार्यालय पर हमला: लोकतंत्र के लिए ख़तरा

    जिला योजना समिति की बैठक में 139 विकास योजनाओं पर मंथन, 38 योजनाओं को मिली स्वीकृति

    रांची में आरएसएस कार्यालय हमले की जांच तेज: एसआईटी, एनआईए जुटी

    अमेरिका ने बदला ‘इंडो-पैसिफिक कमांड’ का नाम: भारत के लिए रणनीतिक संदेश?

    मोदी-ट्रंप वार्ता: भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर ज़ोर

    झारखंड राज्यसभा चुनाव: सियासी हलचल और रिजॉर्ट राजनीति

    सुबह झमाझम बारिश, दोपहर में निकली तेज धूप; जमशेदपुर में फिर बढ़ा तापमान

    21 जून को गुरुद्वारा साहिब साकची में सजेगा भव्य कीर्तन दरबार, बीबी जसप्रीत कौर करेंगी गुरुबाणी कीर्तन

    पानी को दूषित किए जाने से और पेड़ काटे जाने से ग्रामीणों में नाराजगी

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.