टाटा वर्कर्स यूनियन को मिला फॉर्म-बी सर्टिफिकेट, अब रजिस्टर-2 में हुआ आधिकारिक पंजीकरण
राष्ट्र संवाद संवाददाता
रांची/जमशेदपुर, 16 जुलाई
टाटा स्टील के कर्मचारियों की सबसे बड़ी प्रतिनिधि संस्था टाटा वर्कर्स यूनियन को आज बड़ा आधिकारिक दर्जा प्राप्त हुआ। यूनियन को झारखंड के रजिस्ट्रार ट्रेड यूनियन प्रदीप रॉबर्ट लकड़ा द्वारा फॉर्म-बी प्रमाणपत्र प्रदान किया गया। इसके साथ ही यूनियन का नाम झारखंड ट्रेड यूनियन एक्ट के तहत रजिस्टर-2 में विधिवत दर्ज हो गया।

गौरतलब है कि 2024 में टाटा वर्कर्स यूनियन के चुनाव संपन्न हुए थे, जिसमें संजीव चौधरी उर्फ टुन्नू चौधरी के नेतृत्व में नई कमेटी का गठन हुआ। इसके बाद यूनियन की नई कार्यकारिणी ने चुनावी प्रक्रिया के सभी दस्तावेज राज्य के श्रम विभाग को सौंपे थे। विभागीय जाँच व प्रक्रिया पूरी करने के बाद अब यूनियन को वैधानिक मान्यता भी दे दी गई है।
रांची में आयोजित एक औपचारिक प्रक्रिया के तहत रजिस्ट्रार ट्रेड यूनियन कार्यालय में यूनियन प्रतिनिधियों को Form B Certificate सौंपा गया। इसके मिलते ही यूनियन को श्रमिक हितों की रक्षा के लिए सभी कानूनी अधिकार भी मिल गए हैं।
*क्या होता है फॉर्म-बी?*

फॉर्म-बी किसी भी ट्रेड यूनियन की वैधता का प्रमाणपत्र होता है, जिसे ट्रेड यूनियन अधिनियम के तहत संबंधित राज्य के रजिस्ट्रार द्वारा जारी किया जाता है। इसके मिलने के बाद यूनियन को आधिकारिक मान्यता प्राप्त होती है और वह औद्योगिक वार्ता, समझौते व श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा जैसे कार्यों में हिस्सा लेने के योग्य होती है।

*संजीव चौधरी ने जताई संतुष्टि*
यूनियन के अध्यक्ष संजीव चौधरी ने इस मौके पर कहा कि— “यह टाटा वर्कर्स यूनियन के लिए एक गौरवपूर्ण क्षण है। अब हम पूरी वैधानिकता के साथ अपने श्रमिक भाइयों के हित में कार्य करते रहेंगे। यूनियन की पारदर्शिता और लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर यह मुहर है।”

