
लेखक: पंकज शुक्ला
चेहरे पर आग के निशान, लेकिन हौसला फौलादी! दीपिका के स्टंट करने वाली इस लड़की को पहचानना हुआ मुश्किल, यही वह कहानी है जो आज हिंदी मनोरंजन जगत की कड़वी सच्चाई को बयां करती है। ये लड़की कैमरे के सामने अपने पूरे शरीर पर आग लगा चुकी है। ‘चेन्नई एक्सप्रेस’ में दीपिका पादुकोण के सारे स्टंट कर चुकी है, लेकिन इसका चेहरा पहचानने में आपको भी दिक्कत हो ही रही होगी। टेलीविज़न की ‘गीता माँ’ को सब पहचानते हैं। इन गीता के बारे में भी दुनिया को अब पता चलने लगा है। अपने हुनर की ये मास्टर हैं, पूरा नाम गीता टंडन। अपनी इसी ख़ासियत के लिए वह अभिनेता अनिल कपूर के टीवी शो में बतौर मेहमान बुलाई गईं।
चेहरे पर आग के निशान, लेकिन हौसला फौलादी वाली गीता टंडन का अपमान
वह बिना एक भी पैसा लिए इस कार्यक्रम की शूटिंग में पहुँच भी गईं और बदले में उन्हें क्या मिला? अपमान, तिरस्कार और एक ऐसा अनुभव, जिसने उनकी आँखों में आँसू ला दिए। शो के होस्ट अनिल कपूर ने हालाँकि मामला सार्वजनिक होने पर गीता से माफ़ी माँग ली है, लेकिन ये घटना हिंदी मनोरंजन जगत की उस कार्यप्रणाली का एक ऐसा चेहरा सामने लाती है जिसमें सितारों के आगे पीछे डोलने वाला सिस्टम सेट पर मौजूद बाक़ी लोगों से अधिकतर मामलों में बहुत ज़्यादा अमानवीयता से पेश आता है।
गीता टंडन ने अपनी ज़िंदगी के बीस से ज़्यादा साल हिंदी सिनेमा के उन ख़तरनाक दृश्यों को साकार करने में बिताए हैं, जिन्हें देखकर दर्शकों की साँसें थम जाती हैं। कभी आग की लपटों के बीच से निकलना, कभी तेज़ रफ़्तार मोटरसाइकिल दौड़ाना, कभी ऊँचाई से गिरना और कभी किसी बड़ी अभिनेत्री की जगह कैमरे के सामने अपनी जान जोखिम में डाल देना। गीता टंडन के हिस्से में फ़िल्म की कामयाबी के बाद शायद ही कभी वह तालियाँ आती हों, जो पर्दे पर दिखाई देने वाले सितारों को मिलती हैं।
हुआ यूँ कि अभिनेता अनिल कपूर के रियलिटी शो ‘इंडिया के टॉप 1%’ की टीम ने गीता टंडन को अपने कार्यक्रम में मेहमान बनकर आने का निमंत्रण दिया। गीता के मुताबिक़, कार्यक्रम की टीम उनसे लगातार संपर्क कर रही थी। इसमें शामिल होने के लिए उन्हें कोई पारिश्रमिक नहीं मिलना था, लेकिन उन्होंने सोचा कि इतने वर्षों की मेहनत के बाद टेलीविज़न पर अपनी पहचान के साथ दिखाई देने का यह एक अच्छा अवसर हो सकता है।
गीता के बेटे को भी इस कार्यक्रम में बुलाया गया था। बेटा गोवा में था। गीता ने उसे विशेष रूप से इस शूटिंग के लिए वापस बुलाया। एक माँ के लिए अपने बेटे के साथ किसी प्रतिष्ठित टेलीविज़न कार्यक्रम में शामिल होना अपने आप में एक ख़ुशी की बात रही होगी। लेकिन माँ-बेटे के लिए यह दिन ऐसी याद बन गया, जिसे गीता अब शायद ही कभी भुला पाएँ।
गीता के मुताबिक़, वह दोपहर साढ़े बारह बजे अपने बेटे के साथ कार्यक्रम के सेट पर पहुँचीं। बताया गया कि कुछ घंटों बाद उनका हिस्सा शूट किया जाएगा। दोनों को एक टेंट में बैठा दिया गया। समय बीतता रहा। दोपहर शाम में बदल गई। लेकिन शूटिंग के लिए बुलाए जाने की कोई निश्चित सूचना नहीं आई। गीता का आरोप है कि उन्हें और उनके बेटे को यह बताने वाला भी कोई नहीं था कि आख़िर उन्हें कितनी देर और इंतज़ार करना होगा।
गीता के शुरुआती कामों में लद्दाख में किया गया वह स्टंट भी शामिल था, जिसमें उनके शरीर पर आग लगाई गई थी। बाद में गीता ने एक इंटरव्यू में बताया कि आग से झुलसी त्वचा के साथ जैसे-जैसे उनके घाव भरे, उनके भीतर जीने का हौसला भी बढ़ता गया। गीता ने आगे चलकर ‘चेन्नई एक्सप्रेस’ में दीपिका पादुकोण, ‘उड़ता पंजाब’ में करीना कपूर ख़ान, ‘जज़्बा’ में ऐश्वर्या राय बच्चन और ‘सिटाडेल: हनी बनी’ में सामंथा रुथ प्रभु के लिए बॉडी डबल का काम किया है।
अपनी इंस्टाग्राम पोस्ट में गीता ने अभिनेता अनिल कपूर, फ़िल्मकार फ़राह ख़ान और कार्यक्रम की निर्माता कंपनी बानीजे एशिया को टैग भी किया। अच्छी बात ये हुई कि गीता की इसी पोस्ट पर अनिल कपूर ने अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने लिखा कि गीता और उनके बेटे के अनुभव के बारे में जानकर उन्हें सचमुच दुख हुआ है। उन्होंने गीता की बात को गंभीरता से लेने और उसे सामने लाने के लिए धन्यवाद दिया और उनसे माफ़ी भी माँग ली। गीता ने फ़िल्मों में दूसरों के हिस्से के ख़तरे अपने ऊपर लिए हैं। इस बार उन्होंने दूसरों के हिस्से की चुप्पी तोड़ी है।
