बन्ना को सरयू की सीधी चुनौती: आमने-सामने बहस की दी चुनौती
राष्ट्र संवाद संवाददाता,
जमशेदपुर।जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने पूर्व मंत्री बन्ना गुप्ता को सीधी चुनौती देते हुए आमने-सामने बहस करने का खुला आमंत्रण दिया है। उन्होंने कहा कि बन्ना गुप्ता सार्वजनिक मंच पर बताएं कि अपने कार्यकाल में उन्होंने क्या किया, वहीं वह स्वयं बताएंगे कि एक वर्ष में उन्होंने क्षेत्र के लिए कौन-कौन से कार्य किए हैं।
सरयू राय ने सोशल मीडिया पर कहा कि मानगो नगर निगम चुनाव में सुधा गुप्ता नहीं, बल्कि “मेयरपति” के रूप में बन्ना गुप्ता चुनाव लड़ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि आचार संहिता के बीच पूर्व मंत्री अपनी पत्नी को आगे कर स्वयं सुविधाएं दिलाने का दावा कर रहे हैं, जबकि मेयर के अधिकार सीमित होते हैं और अधिकांश प्रशासनिक शक्तियां चीफ एग्जीक्यूटिव अफसर में निहित होती हैं।
सरयू राय ने आरोप लगाया कि सुधा गुप्ता का पता लोटस रेजीडेंसी में दर्ज कराया गया, जो कथित रूप से अवैध भवन है। उन्होंने कहा कि इस भवन का नक्शा पास नहीं है और सीवरेज की समुचित व्यवस्था नहीं होने से आसपास के लोग परेशान हैं। उन्होंने दावा किया कि यह भवन बन्ना गुप्ता के रिश्तेदार द्वारा बनाया गया है और इसकी वैधता की जांच होनी चाहिए।
138 योजनाओं का दावा
विधायक राय ने कहा कि विधायक बने एक वर्ष में उन्होंने मानगो नगर निगम क्षेत्र में विधायक निधि से 138 योजनाएं स्वीकृत की हैं। इसके अलावा नगर विकास फंड से 84 योजनाएं तथा 15वें वित्त आयोग से एक दर्जन से अधिक योजनाओं का शिलान्यास हो चुका है। उन्होंने पेयजल, ट्रांसफार्मर, जल निकासी और लाइटिंग से जुड़े कार्यों का भी उल्लेख किया।
सरयू राय ने आरोप लगाया कि मंत्री रहते हुए बन्ना गुप्ता के करीबी लोगों द्वारा आदिवासी जमीन पर बहुमंजिला इमारत बनाई गई, लेकिन नगर निगम ने कार्रवाई नहीं की। उन्होंने इसे अवैध निर्माण को संरक्षण देने का मामला बताया।
उप नगर आयुक्त को लिखा पत्र
इसी मुद्दे पर सरयू राय ने मानगो नगर निगम के उप नगर आयुक्त को पत्र लिखकर लोटस रेजीडेंसी की वैधता और जल-मल निकासी व्यवस्था की जांच कराने की मांग की है। उन्होंने पूछा है कि नागरिकों की शिकायतों के बावजूद नगर निगम ने अब तक कार्रवाई क्यों नहीं की।
सरयू राय ने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ यह अफवाह फैलाई जा रही है कि वह मुस्लिम इलाकों में काम नहीं करते। उन्होंने इसे निराधार बताते हुए कहा कि उनकी योजनाएं सभी समुदायों के लिए समान रूप से लागू की जा रही हैं।

