Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री सह भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री रघुवर दास ने जेटेट परीक्षा के शीघ्र आयोजन की मांग की
    Breaking News Headlines झारखंड राजनीति शिक्षा

    झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री सह भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री रघुवर दास ने जेटेट परीक्षा के शीघ्र आयोजन की मांग की

    Devanand SinghBy Devanand SinghJune 8, 2021No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री सह भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष  रघुवर दास ने जेटेट परीक्षा के शीघ्र आयोजन की मांग की है। उन्होंने कहा कि उनके कार्यकाल के दौरान 2016 में जेटेट परीक्षा आयोजित की गयी थी। इसमें 50 हजार से ज्यादा अभ्यार्थी पास हुए थे। इसके बाद लगभग 30 हजार शिक्षकों की नियुक्ति भी की गयी। इस बीच 2021 तक लगभग 5 लाख छात्र-छात्राएं में शिक्षक प्रशिक्षण कोर्स (D.El.ED, B.Ed) को पूरा कर जेटेट के लिए योग्यता हासिल कर ली है। लेकिन परीक्षा के आयोजन न होने से उनका भविष्य अंधकारमय बना हुआ है। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन से जल्द से जल्द जेटेट परीक्षा कराने की मांग की।
    उन्होंने कहा कि राज्य में 90 हजार शिक्षकों के पद खाली हैं। इनके भरने की प्रक्रिया भी यथाशीघ्र शुरू की जानी चाहिए। इससे स्कूलों में शिक्षकों की कमी को पूरा किया जा सकेगा। श्री दास ने कहा कि केंद्र सरकार ने हाल ही में योग्यता परीक्षा के लिए समयावधि की बाध्यता को समाप्त कर इसे जीवनपर्यंत कर दिया है। ऐसे में झारखंड सरकार भी इस निर्णय को तुरंत लागू करे। श्री दास ने कहा कि पारा शिक्षक भी राज्य सरकार से अपनी मांगों के लिए लगातार आंदोलन कर रहे हैं। हमारी सरकार ने पारा शिक्षकों के लिए एक कमेटी बनाकर नियमावली तैयार की थी, जिसमें पारा शिक्षक संघ की भी सहमति थी। इसे भी सरकार कैबिनेट में लाकर तुरंत लागू करें। इससे बड़ी संख्या में पारा शिक्षकों को राहत मिलेगी।
    पारा शिक्षकों के लिए कल्याण कोष बनाने का प्रस्ताव था। इससे किसी तरह की आपातकालीन स्थिति में पारा शिक्षकों की सहायता की जा सकेगी।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleबाहुबली अतीक अहमद के भाई पूर्व विधायक खालिद की 2.25 करोड़ की संपत्ति कुर्क
    Next Article Bjp ने दिव्यांग महिला को भेंट की अत्याधुनिक व्हीलचेयर, व्हीलचेयर मिलते ही दिखी खुशी

    Related Posts

    नवी मुंबई में रिश्ता तोड़ा तो पिस्टल निकाली…

    November 7, 2026

    त्योहारों की रौनक के साथ सुरक्षा, स्वच्छता और सद्भाव की भी हो गारंटी

    November 7, 2026

    चेहरे पर आग के निशान, लेकिन हौसला फौलादी! दीपिका के स्टंट करने वाली इस लड़की को पहचानना हुआ मुश्किल

    November 7, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    अभी-अभी

    Golden Panda Casino klantenservice en accountproblemen oplossen

    McLuck Casino Review: Features, Games, and the Player Experience

    नवी मुंबई में रिश्ता तोड़ा तो पिस्टल निकाली…

    त्योहारों की रौनक के साथ सुरक्षा, स्वच्छता और सद्भाव की भी हो गारंटी

    चेहरे पर आग के निशान, लेकिन हौसला फौलादी! दीपिका के स्टंट करने वाली इस लड़की को पहचानना हुआ मुश्किल

    दीपावली बने विकसित एवं समृद्ध भारत की नई ज्योति

    बाइक चोरी के शक में विक्षिप्त की पिटाई, पुलिस ने ग्रामीणों के चंगुल से छुड़ाया

    धनतेरस पर बहरागोड़ा के बाजारों में उमड़ी भीड़, वाहनों की खरीदारी में भी उत्साह

    विजय-2 लौह अयस्क खदान फिर खोलने की मांग, ग्रामीणों को रोजगार देने पर जोर

    पांच दिन से अंधेरे में डूबे धानघोरी गांव में 24 घंटे में लगा नया ट्रांसफॉर्मर

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.