Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » अस्पताल बना अखाड़ा, एमजीएम में होमगार्डों की दबंगई, मरीज और ड्राइवर पर बेरहमी से हमला
    जमशेदपुर झारखंड

    अस्पताल बना अखाड़ा, एमजीएम में होमगार्डों की दबंगई, मरीज और ड्राइवर पर बेरहमी से हमला

    Aman OjhaBy Aman OjhaMarch 26, 2026No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    रिपोर्ट – अमन ओझा (ब्यूरो चीफ, कोल्हान) 

     

    जमशेदपुर के डिमना स्थित एमजीएम अस्पताल में होमगार्डों की गुंडागर्दी थमने का नाम नहीं ले रही है। गुरुवार को अस्पताल परिसर में एक बार फिर मानवता को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई, जहां होमगार्डों ने इलाज कराने पहुंचे मरीज और उसके ड्राइवर के साथ बदसलूकी करते हुए जमकर मारपीट की। इस घटना में ड्राइवर सुजीत कुमार गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके सिर में गहरी चोट आने के कारण पांच टांके लगाने पड़े हैं। वहीं मरीज राहुल कुमार के साथ भी हाथापाई की गई। पीड़ित राहुल कुमार के अनुसार, वह इलाज के लिए अपने ड्राइवर सुजीत के साथ अस्पताल पहुंचे थे। गाड़ी खड़ी करने के बाद सुजीत थोड़ी देर आराम करने के लिए अंदर फर्श पर लेट गया, तभी एक होमगार्ड ने उसे पैर मारकर जबरन उठा दिया। सुजीत द्वारा रातभर जागने की बात कहकर कुछ देर आराम करने की गुजारिश करने के बावजूद होमगार्ड नहीं माने और उसे तुरंत वहां से हटने का दबाव बनाने लगे। इसी बात को लेकर कहासुनी बढ़ गई और देखते ही देखते मामला हिंसा में बदल गया। स्थिति उस समय और बिगड़ गई जब बीच-बचाव करने पहुंचे राहुल कुमार के सामने ही दो होमगार्डों ने सुजीत कुमार पर ताबड़तोड़ मुक्के बरसाने शुरू कर दिए और उसे दीवार से दे मारा, जिससे उसके सिर के पीछे गंभीर चोट लग गई और खून बहने लगा। हालांकि मौके पर मौजूद एक बुजुर्ग होमगार्ड ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन तब तक सुजीत बुरी तरह जख्मी हो चुका था। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और किसी तरह घायल को बचाया। गौरतलब है कि इससे पहले मंगलवार को भी टीएमएच अस्पताल में गेट पर तैनात सुरक्षा गार्डों द्वारा एक युवक के साथ मारपीट का मामला सामने आया था। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं अस्पतालों की सुरक्षा व्यवस्था और कर्मियों की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर रही हैं। स्थानीय लोगों में इसको लेकर आक्रोश बढ़ता जा रहा है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की जा रही है।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleवंदे भारत में खराब खाना पर बड़ी कार्रवाई: ठेकेदार पर ₹50 लाख जुर्माना, कॉन्ट्रैक्ट रद्द
    Next Article वार्ड 17 की समस्याओं पर पार्षद नीतू शर्मा का प्रहार: स्ट्रीट लाइट, सफाई और फॉगिंग को लेकर महापौर को सौंपा ज्ञापन

    Related Posts

    टाटा मोटर्स के सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लंबित पीएफ भुगतान का मुद्दा उठा, एआईटीयूसी ने पीएफ कमिश्नर को सौंपा मांगपत्र

    July 21, 2026

    बेटियों की सुरक्षा पर सख्ती स्वागतयोग्य, अब जमीन पर दिखे असर अमन कुमार शांडिल्य 

    July 21, 2026

    खेत में उतरीं विधायक पूर्णिमा दास साहू, महिलाओं के साथ की धान रोपनी, बचपन की यादें हुईं ताजा

    July 21, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    टाटा मोटर्स के सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लंबित पीएफ भुगतान का मुद्दा उठा, एआईटीयूसी ने पीएफ कमिश्नर को सौंपा मांगपत्र

    बेटियों की सुरक्षा पर सख्ती स्वागतयोग्य, अब जमीन पर दिखे असर अमन कुमार शांडिल्य 

    खेत में उतरीं विधायक पूर्णिमा दास साहू, महिलाओं के साथ की धान रोपनी, बचपन की यादें हुईं ताजा

    गिरिडीह वेंकटेश्वर प्लांट में दर्दनाक हादसा, हाईवा की चपेट में आने से कर्मी की मौत

    खेत में उतरीं विधायक पूर्णिमा दास साहू, महिलाओं के साथ की धान रोपनी, बचपन की यादें हुईं ताजा

    नफरत और हिंसा की आग: समाज के लिए गंभीर खतरा

    लोकल ट्रेन में बवाल: मुंबई लोकल में मारपीट के आरोप में दो ट्रांसजेंडर गिरफ्तार

    विक्रम-1: नए भारत की अंतरिक्ष उड़ान का स्वर्णिम अध्याय – निजी क्षेत्र की ऐतिहासिक सफलता

    नफरत और हिंसा की आग: शहर जलाने वालों को चेतावनी, हम सब जलेंगे

    लोकतंत्र में विरोध का अधिकार: संसद मार्च, टकराव और लोकतांत्रिक संतुलन की कसौटी

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.