राष्ट्र संवाद संवाददाता
मुंबई (इंद्र यादव) ड्रग्स तस्करों के खिलाफ मुंबई कस्टम्स ने एक बार फिर बड़ी कामयाबी हासिल की है। बैंकॉक से थाई एयरवेज के जरिए मुंबई पहुंचे एक यात्री को एयरपोर्ट पर भारी मात्रा में ‘हाइड्रोपोनिक वीड’ के साथ दबोचा गया है। पकड़े गए नशीले पदार्थ की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 9 करोड़ रुपये आंकी गई है।
प्रोफाइलिंग से खुला तस्करी का राज
पकड़े गए आरोपी की पहचान बसंत सिंह (29 वर्ष) के रूप में हुई है, जो हरियाणा के सिरसा का रहने वाला है। शनिवार रात जब वह थाई एयरवेज की फ्लाइट से छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (CSMIA) पर उतरा, तो कस्टम अधिकारियों को उसकी गतिविधियों पर शक हुआ। ‘पैसेंजर प्रोफाइलिंग’ के आधार पर अधिकारियों ने उसे रोककर पूछताछ की और उसके सामान की तलाशी ली।
खाने के पैकेटों और कपड़ों के नीचे था ‘काला कारोबार’
तस्करी का तरीका बेहद शातिराना था। जांच के दौरान बसंत के ट्रॉली बैग में ऊपर से कपड़े और खाने-पीने के पैकेट रखे हुए थे। लेकिन जब अधिकारियों ने सामान हटाया, तो अंदर 9 डबल लेयर्ड ट्रांसपेरेंट प्लास्टिक पैकेट बरामद हुए।
गंदी दुर्गंध से हुई पहचान: जैसे ही इन पैकेटों को काटा गया, उनमें से एक तीखी और अजीब दुर्गंध आने लगी।
वजन और कीमत: पैकेट के अंदर हरे रंग का सूखा पत्तेदार पदार्थ मिला, जिसका कुल वजन 8.99 किलोग्राम (8994 ग्राम) था। जांच में इसके ‘हाइड्रोपोनिक वीड’ होने की पुष्टि हुई।
जांच के घेरे में ‘बैंकॉक टू मुंबई’ कनेक्शन
कस्टम्स अधिकारियों के अनुसार, आरोपी ने ड्रग्स छिपाने और उसे घोषित न करने की बात कबूल कर ली है। अब जांच एजेंसियां इस बड़े नेटवर्क के मास्टरमाइंड तक पहुंचने की कोशिश कर रही हैं। मुख्य सवाल यह है कि:
बैंकॉक में यह खेप उसे किसने सौंपी?
मुंबई में इसे किसे डिलीवर किया जाना था?
कोर्ट का फैसला: रविवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया। आरोपी की ओर से वकील बीरेंद्र यादव ने दलीलें दीं, जिसके बाद कोर्ट ने बसंत सिंह को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
क्या होती है हाइड्रोपोनिक वीड – यह साधारण गांजे की तुलना में कहीं अधिक शक्तिशाली और महंगी होती है। इसे मिट्टी के बिना, केवल पोषक तत्वों वाले पानी और नियंत्रित वातावरण में उगाया जाता है, जिसके कारण इसकी कीमत करोड़ों में होती है!सांकेतिक छवि!

