Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » बराखुर्षी से छोलागोड़ा तक जंगल पर आरी का कहर, वन विभाग की चुप्पी पर सवाल
    Breaking News Headlines चाईबासा जमशेदपुर झारखंड सरायकेला-खरसावां

    बराखुर्षी से छोलागोड़ा तक जंगल पर आरी का कहर, वन विभाग की चुप्पी पर सवाल

    News DeskBy News DeskOctober 1, 2026No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    बराखुर्षी से छोलागोड़ा तक जंगल पर आरी का कहर, वन विभाग की चुप्पी पर सवाल

     

    राष्ट्र संवाद संवाददाता, जादूगोड़ा।

     

    गालूडीह थाना क्षेत्र के बराखुर्षी से छोलागोड़ा तक जंगलों में हरे पेड़ों की कथित अंधाधुंध कटाई से ग्रामीणों में आक्रोश है। आरोप है कि लकड़ी माफिया दिन में पेड़ों की रेकी करते हैं और दोपहर या देर शाम कटाई के बाद लकड़ियों को पिकअप वैन और ट्रकों से जमशेदपुर तथा आसपास के लकड़ी टालों तक पहुंचा देते हैं। ग्रामीणों के अनुसार, पिछले कुछ महीनों में यह कारोबार तेजी से बढ़ा है।

     

    ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग को मौखिक और लिखित शिकायतें देने के बावजूद न गश्ती बढ़ी और न ही कोई बड़ी कार्रवाई हुई। इससे विभागीय कर्मचारियों और लकड़ी माफियाओं के बीच सांठगांठ की आशंका भी जताई जा रही है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

     

    *जंगल उजड़े तो बढ़ेगा पर्यावरणीय संकट*

     

    ग्रामीणों ने चेताया कि पेड़ों की कटाई से मिट्टी का कटाव, तापमान में वृद्धि, जलस्रोतों पर दबाव और वन्यजीवों के प्राकृतिक आवास का नुकसान बढ़ सकता है। उनका कहना है कि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्र की हरियाली पर गंभीर संकट खड़ा हो जाएगा।

     

    *छापेमारी और रात्रि गश्ती की मांग*

     

    ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और वन विभाग के वरीय अधिकारियों से बराखुर्षी, छोलागोड़ा समेत आसपास के जंगलों में विशेष छापेमारी, अवैध लकड़ी की जब्ती, दोषियों पर वन कानून के तहत कार्रवाई तथा नियमित रात्रि गश्ती शुरू करने की मांग की है। अब निगाहें वन विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Article734 करोड़ के कथित GST-ITC घोटाले में कारोबारी ज्ञानचंद जायसवाल और बेटा गिरफ्तार
    Next Article शहरबेड़ा में जमीन पर हक की लड़ाई, दुकानों को लेकर टकराव

    Related Posts

    एक साथ जुटे अधिकारी-कर्मी, श्रमदान से प्रखंड-अनुमंडल परिसर की सफाई

    October 1, 2026

    बलान नदी में डूबने से राकेश की मौत, परिवार में मचा कोहराम

    October 1, 2026

    टायो कॉलोनी में आदिवासी युवक से मारपीट, अपहरण के प्रयास का आरोप

    October 1, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    एक साथ जुटे अधिकारी-कर्मी, श्रमदान से प्रखंड-अनुमंडल परिसर की सफाई

    बलान नदी में डूबने से राकेश की मौत, परिवार में मचा कोहराम

    टायो कॉलोनी में आदिवासी युवक से मारपीट, अपहरण के प्रयास का आरोप

    स्वच्छता ही सेवा के तहत चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित

    शहरबेड़ा में जमीन पर हक की लड़ाई, दुकानों को लेकर टकराव

    बराखुर्षी से छोलागोड़ा तक जंगल पर आरी का कहर, वन विभाग की चुप्पी पर सवाल

    734 करोड़ के कथित GST-ITC घोटाले में कारोबारी ज्ञानचंद जायसवाल और बेटा गिरफ्तार

    डुमरिया के सोनुदुरू में मेडिकल कैंप, 242 ग्रामीणों ने उठाया स्वास्थ्य सुविधा का लाभ

    एक सप्ताह में सफाई नहीं हुई तो समर्थक खुद हटाएंगे कचरा, एनएचएआई ने सड़क निर्माण जल्द शुरू करने का दिया भरोसा

    आंगन का मिलन कार्यक्रम में माताओं को पोषण व स्वास्थ्य की दी जानकारी

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.