बाढ़ का कहर: बिहार के आठ जिलों में 16 लाख लोग प्रभावित, भागलपुर के रिंगबांध पर मंडरा रहा खतरा
राष्ट्र संवाद संवाददाता
पटना/बेगूसराय/भागलपुर। बिहार में बाढ़ की स्थिति लगातार गंभीर बनी हुई है। राज्य के आठ जिलों — पटना, बेगूसराय, मुंगेर, खगड़िया, भागलपुर, कटिहार समेत अन्य क्षेत्रों में करीब 16 लाख की आबादी बाढ़ की चपेट में है। गंगा के उफान ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। जिला प्रशासन की ओर से बाढ़ पीड़ितों के लिए सैकड़ों नावों का परिचालन, सामुदायिक रसोई का संचालन और पॉलीथिन शीट का वितरण किया जा रहा है। राहत एवं बचाव कार्य में एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें तैनात हैं।

रविवार शाम से कई जिलों में गंगा के जलस्तर में कमी दर्ज की गई है, लेकिन पानी घटने के बावजूद बाढ़ पीड़ितों की मुश्किलें कम नहीं हुई हैं। गांवों में अब भी पानी भरा है, जिससे लोगों के घर, खेत और पशुधन प्रभावित हो रहे हैं।
भागलपुर जिले के नवगछिया इलाके में गंगा का जलस्तर बढ़ने से इस्माइलपुर बिंदटोली रिंगबांध पर संकट गहरा गया है। रिंगबांध के स्पर संख्या 8 और 9 के बीच कटाव शुरू हो चुका है, जिससे तटबंध टूटने का खतरा बढ़ गया है। गंगरा और गोपालपुर प्रखंड के कई गांव बाढ़ की जद में आ सकते हैं। पिछले साल भी इसी स्थान पर तटबंध टूटने से दर्जनों गांवों में पानी भर गया था।

स्थिति यह संकेत देती है कि यदि कटाव पर नियंत्रण नहीं पाया गया तो बड़ी संख्या में जनजीवन और कृषि भूमि बुरी तरह प्रभावित हो सकती है। ग्रामीणों में भय का माहौल है और प्रशासन लगातार हालात पर नजर रखे हुए है।

