Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » यूपी के गांवों में तीसरे इंजन की सरकार बनाने का बीजेपी का सपना हुआ चकनाचूर – अखिलेश
    Breaking News Headlines उत्तर प्रदेश राजनीति

    यूपी के गांवों में तीसरे इंजन की सरकार बनाने का बीजेपी का सपना हुआ चकनाचूर – अखिलेश

    Devanand SinghBy Devanand SinghMay 5, 2021No Comments2 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    लखनऊ. समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश में हुए पंचायत चुनाव नतीजों को आगामी विधानसभा चुनाव को भाजपा की नाव डूबने के स्पष्ट संकेत करार देते हुए मंगलवार को कहा कि गांवों में तीसरे इंजन की सरकार बनाने का भाजपा का सपना चकनाचूर हो गया है.अखिलेश ने यहां एक बयान में कहा कि पंचायत चुनाव में सपा मतदाताओं की प्रथम वरीयता वाली पार्टी रही है और बड़ी तादात में सपा की जीत के साफ संकेत हैं कि किसानों, नौजवानों और गांव तक में उसकी स्वीकार्यता बरकरार है. उन्होंने कहा कि जनता ने पार्टी को जीत दिलाकर लोकतंत्र को बचाने का भी सराहनीय कार्य किया है.
    सपा अध्यक्ष ने कहा कि उत्तर प्रदेश के पंचायती चुनावों के नतीजों से जो संदेश मिल रहा है वह वर्ष 2022 में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए भी दिशा सूचक साबित होगी. उत्तर प्रदेश में भाजपा राज का सफाया निश्चित है. पंचायत चुनावों के नतीजों ने भाजपा की नाव डूबने के स्पष्ट संकेत दे दिए हैं. उन्होंने आरोप लगाया, भाजपा झूठे वादे करने के अपने स्वभाव के अनुसार पंचायत चुनावों में भी बाज नहीं आ रही है. यह हकीकत है कि गाँवों में अपनी ही तीसरे इंजन वाली सरकार बनाने का उसका सपना बुरी तरह चकनाचूर हुआ है. उसे प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के गृह जनपदों में भी मुंह की खानी पड़ी है.

    अखिलेश ने कहा, वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज के अलावा आजमगढ़ से लेकर इटावा तक भाजपा की कोई चाल काम नहीं आई और तो और राज्य की राजधानी लखनऊ में भी जनता ने भाजपा को नकार दिया है. उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचायत चुनावों में सत्ता के दुरुपयोग और वोटों की हेराफेरी के बावजूद भाजपा को हार मिली है. उन्होंने कहा कि मंत्रियों, सांसदों, विधायकों तक को पूरे राज्य में तैनात कर भाजपा ने जीत की साजिशें रची थी पर जनता ने उसकी धौंस में नहीं आई, उसने भाजपा को करारा जवाब दिया है. उन्होंने कहा कि भाजपा की नफरत और समाज को बांटने वाली रणनीति पश्चिम बंगाल के चुनावों में बुरी तरह पिटी है.

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleब्रिटिश पीएम के साथ हुई बैठक में पीएम मोदी ने उठाया नीरव मोदी और विजय माल्या का मुद्दा, हुए ये महत्वपूर्ण फैसले
    Next Article जिसकी हत्या के आरोप में तीन लोग जेल में बंद, अदालत में उसने आकर कह दिया- हुजूर मैं जिंदा हूं

    Related Posts

    1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी के आरोपियों को कोर्ट से फिर झटका

    June 24, 2026

    1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी के आरोपियों को कोर्ट से फिर झटका लगभग 1 करोड़ रुपये की कथित ठगी मामले में सचिदानंद प्रसाद और सुरेश प्रसाद की अग्रिम जमानत याचिका दूसरी बार खारिज जमशेदपुर, 24 जून 2026। लगभग 1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी से जुड़े चर्चित मामले में आरोपियों को एक बार फिर न्यायालय से बड़ा झटका लगा है। माननीय द्वितीय अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, जमशेदपुर ने ए.बी.पी. संख्या 728/26 में आरोपी सचिदानंद प्रसाद एवं सुरेश प्रसाद द्वारा दायर अग्रिम जमानत याचिका को दूसरी बार खारिज कर दिया है। उल्लेखनीय है कि यह मामला एनएच डिमना पारडीह रोड, मानगो , जमशेदपुर स्थित एलीट हॉस्पिटल, अब स्पंद हॉस्पिटल के पूर्व के निदेशकों द्वारा शहर के प्रसिद्ध हृदय विशेषज्ञ डॉ. संतोष कुमार गुप्ता के साथ लगभग 1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी से संबंधित है। इस मामले में आरोपियों के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता की धारा 420 406 एवं 120 बी के तहत आरोप तय करते हुए उलीडीह थाना द्वारा कोर्ट में चर्जशीट दाखिल किया गया हैं। मामले की सुनवाई 22 जून 2026 को पूरी हुई थी, जिसके बाद न्यायालय ने अपना आदेश सुरक्षित रख लिया था। इसके पश्चात 24 जून 2026 को माननीय न्यायालय ने दोनों आरोपियों की दूसरी बार दायर अग्रिम जमानत याचिका को अस्वीकार करते हुए खारिज कर दिया। अभियोजन पक्ष की ओर से अधिवक्ता राजीव कुमार सिन्हा एवं अधिवक्ता श्वेता सिन्हा ने प्रभावी ढंग से पक्ष रखा, जबकि आरोपियों की ओर से अधिवक्ता के.एम. सिंह ने अपना पक्ष प्रस्तुत किया। न्यायालय के इस आदेश को मामले में एक महत्वपूर्ण कानूनी प्रगति माना जा रहा है। इससे यह संकेत मिला है कि प्रस्तुत तथ्यों, आरोपों की गंभीरता एवं मामले की प्रकृति को देखते हुए न्यायालय ने आरोपियों को इस स्तर पर राहत देना उचित नहीं समझा। प्रकरण की आगे की न्यायिक प्रक्रिया पर भी इस आदेश का महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ने की संभावना है।

    June 24, 2026

    भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने टीएमएच में विधायक पूर्णिमा से की मुलाकात, जाना स्वास्थ्य का हाल

    June 24, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    अभी-अभी

    1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी के आरोपियों को कोर्ट से फिर झटका

    1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी के आरोपियों को कोर्ट से फिर झटका लगभग 1 करोड़ रुपये की कथित ठगी मामले में सचिदानंद प्रसाद और सुरेश प्रसाद की अग्रिम जमानत याचिका दूसरी बार खारिज जमशेदपुर, 24 जून 2026। लगभग 1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी से जुड़े चर्चित मामले में आरोपियों को एक बार फिर न्यायालय से बड़ा झटका लगा है। माननीय द्वितीय अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, जमशेदपुर ने ए.बी.पी. संख्या 728/26 में आरोपी सचिदानंद प्रसाद एवं सुरेश प्रसाद द्वारा दायर अग्रिम जमानत याचिका को दूसरी बार खारिज कर दिया है। उल्लेखनीय है कि यह मामला एनएच डिमना पारडीह रोड, मानगो , जमशेदपुर स्थित एलीट हॉस्पिटल, अब स्पंद हॉस्पिटल के पूर्व के निदेशकों द्वारा शहर के प्रसिद्ध हृदय विशेषज्ञ डॉ. संतोष कुमार गुप्ता के साथ लगभग 1 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी से संबंधित है। इस मामले में आरोपियों के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता की धारा 420 406 एवं 120 बी के तहत आरोप तय करते हुए उलीडीह थाना द्वारा कोर्ट में चर्जशीट दाखिल किया गया हैं। मामले की सुनवाई 22 जून 2026 को पूरी हुई थी, जिसके बाद न्यायालय ने अपना आदेश सुरक्षित रख लिया था। इसके पश्चात 24 जून 2026 को माननीय न्यायालय ने दोनों आरोपियों की दूसरी बार दायर अग्रिम जमानत याचिका को अस्वीकार करते हुए खारिज कर दिया। अभियोजन पक्ष की ओर से अधिवक्ता राजीव कुमार सिन्हा एवं अधिवक्ता श्वेता सिन्हा ने प्रभावी ढंग से पक्ष रखा, जबकि आरोपियों की ओर से अधिवक्ता के.एम. सिंह ने अपना पक्ष प्रस्तुत किया। न्यायालय के इस आदेश को मामले में एक महत्वपूर्ण कानूनी प्रगति माना जा रहा है। इससे यह संकेत मिला है कि प्रस्तुत तथ्यों, आरोपों की गंभीरता एवं मामले की प्रकृति को देखते हुए न्यायालय ने आरोपियों को इस स्तर पर राहत देना उचित नहीं समझा। प्रकरण की आगे की न्यायिक प्रक्रिया पर भी इस आदेश का महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ने की संभावना है।

    भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने टीएमएच में विधायक पूर्णिमा से की मुलाकात, जाना स्वास्थ्य का हाल

    गिरिडीह मकतपुर में बिजली संकट पर फूटा लोगों का गुस्सा, सड़क जाम कर किया प्रदर्शन

    मोहर्रम पर शास्त्री नगर में इंसानियत का पैगाम, 8 हजार लोगों ने ग्रहण किया विशाल लंगर

    मुहर्रम को लेकर उत्पाद विभाग की बड़ी कार्रवाई, अवैध शराब के साथ एक गिरफ्तार

    डीसी ऑफिस के पास सड़क हादसे में महिला की मौत, चालक वाहन समेत फरार

    भरत तिवारी मुठभेड़ प्रकरण: उसके गांव पहुंचे प्रशांत किशोर, न्यायिक जांच की निगरानी की मांग

    राम मंदिर से दान गायब मामले में प्राथमिकी के बिना एसआईटी ‘बिना तीर की कमान’ है: अखिलेश

    सब्जी विक्रेता की ईमानदारी: ढाई लाख के सोने के आभूषण लौटाकर पेश की मिसाल

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.