Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » मोहनसिंह लक्ष्मणसिंह परमार पर कातिलाना हमला: ₹32 करोड़ की साजिश बेनकाब, 7 गिरफ्तार
    Breaking News Headlines अपराध

    मोहनसिंह लक्ष्मणसिंह परमार पर कातिलाना हमला: ₹32 करोड़ की साजिश बेनकाब, 7 गिरफ्तार

    Devanand SinghBy Devanand SinghAugust 1, 2026No Comments3 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    मोहनसिंह लक्ष्मणसिंह परमार
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    लेखक: इंद्र यादव

    इंद्र यादव/मुंबई/पालघर,वसई के जाने-माने उद्योगपति मोहनसिंह लक्ष्मणसिंह परमार को मौत के घाट उतारने की एक बड़ी साजिश को पुलिस ने नाकाम करते हुए मुख्य साजिशकर्ता समेत 7 आरोपियों को धर दबोचा है। 24 जुलाई को हुई इस फायरिंग की घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी थी। पुलिस की त्वरित और सतर्क कार्रवाई से ₹32 करोड़ के लेन-देन और कंपनी हथियाने का यह खूनी खेल बेनकाब हो गया है।

    मोहनसिंह लक्ष्मणसिंह परमार और सागर भानुशाली की पार्टनरशिप

    अतिरिक्त पुलिस आयुक्त संजय शिंत्रे के अनुसार, वसई पूर्व के ‘डायमंड इंडस्ट्रियल एस्टेट’ में मोहनसिंह परमार और मुख्य आरोपी सागर गिरीश भानुशाली मिलकर पार्टनरशिप में व्यवसाय करते थे।

    सागर भानुशाली पेशे से एक चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) है। शुरुआत में वह कंपनी में छोटे-मोटे काम देखता था। लेकिन अपनी पेशेवर योग्यता और वित्तीय मामलों (फाइनेंशियल मैनेजमेंट) की गहरी समझ के दम पर उसने धीरे-धीरे कंपनी के कामकाज पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली और कंपनी को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई।

    ₹32 करोड़ के लेन-देन और कब्जे की नीयत

    इसी दौरान, 32 करोड़ रुपये के भारी-भरकम लेन-देन और पूरी कंपनी पर अकेले कब्जा जमाने की बुरी नीयत ने सागर को इतना अंधा कर दिया कि उसने अपने ही बिजनेस पार्टनर को रास्ते से हटाने की खौफनाक साजिश रच डाली।

    हमले का खौफनाक मंजर

    24 जुलाई को जब उद्योगपति मोहनसिंह परमार कंपनी से बाहर निकल रहे थे, तभी घात लगाए बैठे मुख्य शूटर सुजीत देवेंद्रभाई पांडे ने उन्हें पीछे से आवाज दी।

    जैसे ही मोहनसिंह ने आवाज सुनकर मुड़कर देखा, शूटर तुरंत उनके पास पहुंच गया और सीधे उनकी छाती पर गोली दागने की कोशिश की। हालांकि, अचानक हुई हलचल के कारण गोली छाती पर न लगकर बगल से निकल गई। इसके बाद जब शूटर ने दूसरी गोली चलाने की कोशिश की, तो उसकी पिस्टल जैम (ब्लॉक) हो गई।

    गैंगस्टर जैसी मानसिकता का परिचय देते हुए शूटर ने पिस्तौल के जाम होने पर हार नहीं मानी और नीचे गिरे मोहनसिंह के सिर पर पिस्तौल की बट से ताबड़तोड़ कई जोरदार वार किए। हमलावर का मकसद यह सुनिश्चित करना था कि माथे और सिर पर गंभीर चोटें लगने से मोहनसिंह बच न सकें।

    पुलिस की त्वरित कार्रवाई और गिरफ्तारियां

    इस सनसनीखेज मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने तुरंत एक्शन लिया। पुलिस आयुक्त निकेत कौशिक, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त संजय शिंत्रे, डीसीपी अशोक वीरकर और वालीव पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक दिलीप घुगे के नेतृत्व में पुलिस टीमों का गठन किया गया।

    जांच के दायरे को बढ़ाते हुए पुलिस ने इस खूनी खेल के मुख्य शूटर सुजीत देवेंद्रभाई पांडे और हथियार सप्लायर मनोज मूलचंद ठठेरा को उत्तर प्रदेश के बलिया और आजमगढ़ से धर दबोचा। पुलिस की इस तेजतर्रार कार्रवाई से अपराधियों के मंसूबे धरे के धरे रह गए।

    वालीव पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता सागर गिरीश भानुशाली समेत कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब इस पूरे रैकेट में शामिल अन्य चेहरों और हथियारों के नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है ताकि इस साजिश की जड़ तक पहुंचा जा सके।

    महाराष्ट्र पुलिस की इस सफलता ने एक बार फिर साबित किया है कि अपराध चाहे जितना शातिर हो, कानून के लंबे हाथ अपराधियों तक पहुंच ही जाते हैं। अधिक जानकारी के लिए महाराष्ट्र पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट देखें।

    उद्योगपति पुलिस कार्रवाई वसई सागर भानुशाली हत्या की साजिश
    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleयूरेनियम देने वाली UCIL की जादूगोड़ा कॉलोनी बदहाल, सफाई और बुनियादी सुविधाओं पर उठे सवाल
    Next Article मोहनसिंह लक्ष्मणसिंह परमार पर कातिलाना हमला: ₹32 करोड़ की साजिश बेनकाब, 7 गिरफ्तार

    Related Posts

    पुराने विवाद में दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष, कई घायल, तीन की हालत गंभीर

    September 20, 2026

    ममता बनर्जी का राजनीतिक संकट: चुनावी हार, पार्टी में बगावत और कानूनी शिकंजे का विश्लेषण

    September 20, 2026

    सरदार त्रिलोचन सिंह (पम्मी पाजी) को श्रद्धांजलि देने पहुंचे बाबूलाल मरांडी, कर्मवीर सिंह समेत कई दिग्गज

    September 19, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    पुराने विवाद में दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष, कई घायल, तीन की हालत गंभीर

    ममता बनर्जी का राजनीतिक संकट: चुनावी हार, पार्टी में बगावत और कानूनी शिकंजे का विश्लेषण

    सरदार त्रिलोचन सिंह (पम्मी पाजी) को श्रद्धांजलि देने पहुंचे बाबूलाल मरांडी, कर्मवीर सिंह समेत कई दिग्गज

    आईआईटी बॉम्बे के एक छात्र की मौत: परीक्षा में ChatGPT का इस्तेमाल और फिर होस्टल रूम में मिला शव

    पालघर क्राइम: इंस्टाग्राम पर ‘भौकाल’ दिखाने चला था चोर, पुलिस ने बाइक समेत दबोचा

    नंदीग्राम से निकली सियासी आवाज, क्या राहुल के साथ आएंगी ममता?

    ब्रिटिश संघ के विघटन की ओर? कार्डिफ समझौते ने खड़े किए सवाल

    सारदा विश्वविद्यालय की शोधार्थी आकांक्षा शर्मा ने प्राप्त की डॉक्टरेट डिग्री: इंदिरा गोस्वामी की साहित्यिक कृतियों पर किया व्यापक शोध

    पुराने विवाद में दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष, कई घायल, तीन की हालत गंभीर

    सोनारी विश्वकर्मा पूजा पंडाल पहुंचे समाजसेवी राजकुमार सिंह, पूजा समिति का बढ़ाया उत्साह

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.