राष्ट्र संवाद संवाददाता
जादूगोड़ा। टेलिंग पौंड के विस्थापितों एवं जोआर संगठन के सदस्यों ने यूसील प्रबंधन की कथित वादाखिलाफी के विरोध में गुरुवार सुबह पाइपलाइन खोलकर करीब एक घंटे तक काम ठप कर दिया। इससे प्रबंधन में हड़कंप मच गया।
विस्थापितों का आरोप है कि 25 मार्च की बैठक में सक्षम पदाधिकारी व जिला प्रशासन की अनुपस्थिति के कारण उन्होंने वार्ता का बहिष्कार किया। इसके बाद विरोध स्वरूप यह कदम उठाया गया।
स्थिति को संभालने पहुंचे यूसील अधिकारी महेश साहू ने 1 अप्रैल को नई बिल्डिंग में सीओ पोटका की अध्यक्षता में त्रिपक्षीय वार्ता का लिखित आश्वासन दिया, जिसके बाद आंदोलन स्थगित कर काम पुनः शुरू किया गया।
विस्थापित नेता घनश्याम विरुली ने चेतावनी दी कि यदि 1 अप्रैल की वार्ता सकारात्मक नहीं रही तो फिर से रियर गेट जाम कर यूसील का काम पूरी तरह ठप किया जाएगा।
विस्थापितों की प्रमुख मांगों में नौकरी व मुआवजा, आश्रितों को रोजगार, सारना स्थल की सुरक्षा, प्रदूषण नियंत्रण और पुनर्वास शामिल हैं।

