दिल्ली अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव 2026 का आगाज़, अडूर गोपालकृष्णन बोले—यह प्यार और दोस्ती का उत्सव
राष्ट्र संवाद संवाददाता
नई दिल्लीसंस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार की स्वायत्त संस्था इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र (आईजीएनसीए) के सहयोग से आयोजित 15वें दिल्ली अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (DIFF 2026) का भव्य शुभारंभ सोमवार शाम 6 बजे आईजीएनसीए के समवेत सभागार में हुआ। यह महोत्सव वैश्विक सिनेमा, कला और साहित्य की विविध अभिव्यक्तियों को एक मंच पर लाने की महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।
उद्घाटन समारोह के मुख्य अतिथि प्रख्यात फिल्म निर्माता और दादासाहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित अडूर गोपालकृष्णन रहे। कार्यक्रम में आईजीएनसीए के अध्यक्ष पद्म भूषण राम बहादुर राय, प्रसिद्ध गायिका उषा उत्थुप, विख्यात बांग्लादेशी गायिका रूना लैला और वरिष्ठ चित्रकार जतिन दास सहित कई विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे। महोत्सव का शुभारंभ फिल्म ‘हर स्टोरी’ (Her Story) के प्रदर्शन के साथ किया गया।
पांच दिवसीय इस महोत्सव में आईजीएनसीए द्वारा निर्मित विशेष फिल्मों का प्रदर्शन किया जाएगा। इसके साथ ही विभिन्न विषयों पर पैनल चर्चाओं का आयोजन भी होगा, जिसमें देश-विदेश के फिल्मकार, कलाकार और विचारक भाग लेंगे। यह आयोजन विश्वभर की सांस्कृतिक धाराओं के संगम को प्रतिबिंबित करता है।
अपने संबोधन में अडूर गोपालकृष्णन ने कहा कि यह आयोजन केवल फिल्म महोत्सव नहीं, बल्कि प्रेम, मित्रता और पारस्परिक सम्मान का उत्सव है। उन्होंने सिनेमा को शांति और करुणा का संदेश देने वाला माध्यम बताते हुए कहा कि फिल्मों के जरिए समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।
इस अवसर पर ‘मीनार-ए-दिल्ली’ पुरस्कार से सम्मानित रूना लैला ने कहा कि संगीत सीमाओं से परे जाकर मानव आत्मा को जोड़ता है और इसमें किसी प्रकार का भेदभाव नहीं होता। वहीं उषा उत्थुप ने अपने लंबे संगीत सफर का जिक्र करते हुए कहा कि दर्शकों के प्रेम और समर्थन के बिना उनकी 57 वर्षों की यात्रा संभव नहीं थी।
दिल्ली अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव 2026 सिनेमा प्रेमियों के लिए एक खास अवसर लेकर आया है, जहां वे विभिन्न देशों की सांस्कृतिक अभिव्यक्तियों को करीब से समझ और सराह सकेंगे। आयोजकों ने दर्शकों का स्वागत करते हुए विश्वास जताया कि उनकी भागीदारी से यह आयोजन और अधिक सफल और यादगार बनेगा।

