वर्ल्ड ओरल हेल्थ डे: स्वस्थ मुंह ही स्वस्थ जीवन की कुंजी : डॉ. रामा शंकर
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर। वर्ल्ड ओरल हेल्थ डे (20 मार्च) के अवसर पर टाटा मेन हॉस्पिटल के सीनियर कंसल्टेंट एवं एचओडी (डेंटल) डॉ. रामा शंकर ने कहा कि मुंह का स्वास्थ्य केवल सुंदर मुस्कान तक सीमित नहीं, बल्कि संपूर्ण स्वास्थ्य से गहराई से जुड़ा है।
उन्होंने बताया कि दांतों की सड़न, मसूड़ों की बीमारी (पेरियोडेंटाइटिस) और मुंह के संक्रमण जैसी समस्याएं आम हैं, लेकिन इनका असर मधुमेह, हृदय रोग, श्वसन संक्रमण और गर्भावस्था संबंधी जटिलताओं तक पहुंच सकता है। मसूड़ों की बीमारी वयस्कों में दांत टूटने का प्रमुख कारण है और यह बड़ी आबादी को प्रभावित करती है।
डॉ. शंकर ने कहा कि खराब मौखिक स्वास्थ्य बच्चों की वृद्धि, वयस्कों की कार्यक्षमता और बुजुर्गों के पोषण को प्रभावित करता है। हालांकि, नियमित ब्रशिंग, फ्लॉसिंग, मीठे खाद्य पदार्थों से परहेज, तंबाकू से दूरी और समय-समय पर दंत जांच से इन समस्याओं को काफी हद तक रोका जा सकता है।
उन्होंने बताया कि टाटा मेन हॉस्पिटल में अत्याधुनिक दंत सुविधाएं उपलब्ध हैं, जहां विशेषज्ञों की टीम समन्वित तरीके से इलाज करती है। बच्चों के लिए विशेष प्रिवेंटिव डेंटल क्लिनिक भी संचालित है, जो शुरुआती स्तर पर ही दंत समस्याओं की रोकथाम पर केंद्रित है।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे मुंह के स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें, क्योंकि स्वस्थ मुंह ही बेहतर और स्वस्थ जीवन की आधारशिला है।

