राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर।शहर में रसोई गैस की किल्लत का असर अब अस्पतालों तक पहुंचने लगा है। गैस आपूर्ति बाधित होने के कारण जमशेदपुर के रेलवे अस्पताल और खासमहल स्थित सदर अस्पताल में मरीजों के लिए भोजन बनाने की व्यवस्था प्रभावित हुई है।
जमशेदपुर स्टेशन के समीप स्थित रेलवे अस्पताल में गैस खत्म होने के कारण फिलहाल इंडक्शन चूल्हे के सहारे मरीजों का खाना तैयार किया जा रहा है। अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि गैस आपूर्ति बाधित होने के बावजूद मरीजों के भोजन में किसी तरह की कमी नहीं आने दी जा रही है और वैकल्पिक व्यवस्था के तहत भोजन बनाया जा रहा है।
वहीं खासमहल स्थित सदर अस्पताल में स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण हो गई है। यहां गैस सिलेंडर की अनुपलब्धता के कारण रसोई में लकड़ी और कोयले के चूल्हे पर खाना पकाया जा रहा है। रसोई से उठता धुआं अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है।
अस्पताल के भोजन वेंडर के अनुसार पिछले दो दिनों से गैस सिलेंडर की आपूर्ति नहीं हो पा रही है, जिसके कारण मरीजों को समय पर भोजन उपलब्ध कराने में कठिनाई हो रही थी। मरीजों को भूखा न रहना पड़े, इसलिए अस्पताल परिसर के पीछे लकड़ी और कोयले के चूल्हे की व्यवस्था कर भोजन बनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस स्थिति की जानकारी अस्पताल प्रबंधन को दे दी गई है।
बताया जा रहा है कि खाड़ी देशों में चल रहे युद्ध और गैस आपूर्ति में बाधा के कारण शहर में गैस को लेकर लोगों में चिंता का माहौल है। इसका असर अब संस्थानों और अस्पतालों में भी दिखाई देने लगा है। हालांकि उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही गैस आपूर्ति सामान्य होने पर अस्पतालों की भोजन व्यवस्था भी पटरी पर लौट आएगी।

