गम्हरिया थाना क्षेत्र का पूरा एरिया हो चुका है कानून मुक्त, नए थाना प्रभारी के आने के बाद से ही गुनाहगारों में पुलिस का खौफ हुआ समाप्त
गम्हरिया थाना के नए प्रभारी के आगमन से टाइम काफी बढ़िया हो गया है – गिरोह के सदस्य
राष्ट्र संवाद संवाददाता – अमन ओझा
सरायकेला खरसावां जिले में पुलिस विभाग पर नए-नए आरोप लगते आ रहे हैं। ताजा मामला गम्हरिया थाना क्षेत्र का है, जहां स्क्रैप कटिंग चोरी के आरोप में जेल से छूटकर आए गिरोह फिर से सक्रिय हो गए हैं। नाम नहीं बताने की शर्त पर गिरोह के सदस्य ने बताया की गम्हरिया थाना के पुराने थाना प्रभारी के जाने के बाद से टाइम काफी बढ़िया हो गया है।

अब गम्हरिया थाना क्षेत्र में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं हो रही है। दावा करते हुए उसने बताया है कि तीन से चार गिरोह है जो पुलिस वालों से सीधे संपर्क पर हैं। जिसमें नशे के कारोबार के लिए गम्हरिया थाना क्षेत्र का औद्योगिक क्षेत्र बिल्कुल ही सेफ ज़ोन बन चुका है, हालांकि इक्का-दुक्का अवैध स्क्रैप टाल बंद हो चुके हैं। लेकिन अब सीधे बड़ी-बड़ी कंपनियों से रात में चोरियां बढ़ गई है और बिना किसी रोक टोक के क्षेत्र से स्क्रैप ठिकाने लगा दिया जाता है। वहीं अवैध बालू परिचालन के लिए भी गम्हरिया थाना क्षेत्र का एरिया पूरी तरह से कानून मुक्त बन चुका है।
आपको बता दें नए थाना प्रभारी रामचंद्र रजक के आने के बाद से ही गुनाहगारों में पुलिस का खौफ समाप्त होता देखा जा रहा है। जहां देखा गया है कि उनके आने के साथ ही एक गोली चालन की घटना घटी थी। गोली चालन की घटना में जो लोग जेल गए, वे पेशेवर अपराधी थे, लेकिन थाना प्रभारी की असफलता उसी समय साबित हो गई। जब बिना प्रेस कॉन्फ्रेंस किए तमाम लोगों को जेल भेजा गया और आज तक हथियार के बारामदगी की कोई सूचना जारी नहीं की गई है। जिले भर में सबसे खराब पुलिसिंग का उदाहरण गम्हरिया थाना बनता जा रहा है। हालांकि जिले में पुलिस की नाकाबिलियत का पैमाना दुसरे थाना क्षेत्र में भी देखने को मिल रहा है लेकिन शायद पुलिस अधीक्षक तक यह सूचना नहीं पहुंच रही है।

