यूसीआईएल तुरामडीह माइंस में करंट से ठेका मजदूर की मौत, सुरक्षा लापरवाही पर उठे सवाल
राष्ट्र संवाद मुख्य संवाददाता
जादूगोड़ा।यूरेनियम कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (यूसीआईएल) के तुरामडीह माइंस स्थित मिल डिविजन में शनिवार को काम के दौरान एक ठेका मजदूर जयराम हांसदा (40 वर्ष) की मौत हो गई। पोटका प्रखंड निवासी जयराम क्यू कंस्ट्रक्शन कंपनी के तहत कार्यरत थे।

जानकारी के मुताबिक, वह जमीन से कुछ ऊँचाई पर वेल्डिंग का काम कर रहे थे, तभी करंट लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए। साथी मजदूरों ने उन्हें तुरामडीह अस्पताल पहुँचाया, जहाँ से रेफर कर टाटा मुख्य अस्पताल जमशेदपुर भेजा गया। लेकिन वहाँ पहुँचते ही डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।

सुरक्षा उपकरण नहीं मिलने का आरोप
साथी मजदूरों ने प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सेफ्टी इक्विपमेंट उपलब्ध नहीं कराया जाता, जिससे लगातार हादसे हो रहे हैं। कुछ महीने पहले भी जादूगोड़ा डैम के पास श्याम मांझी नामक ठेका मजदूर की करंट से मौत हुई थी, लेकिन उनके परिवार को अब तक मुआवजा नहीं मिला।

प्रबंधन की चुप्पी
तुरामडीह मैकेनिकल विभाग के हेड पीएस माझी से जब इस संबंध में पूछा गया, तो उन्होंने किसी भी तरह की टिप्पणी से इनकार कर दिया और वरीय अधिकारियों से बात करने को कहा।

मजदूरों और परिवार की मांग
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। साथी मजदूरों ने मांग की कि उचित मुआवजा दिया जाए और सुरक्षा व्यवस्था को सख्ती से लागू किया जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएँ न हों।

बड़ा आंदोलन संभव
मजदूर संगठनों का आरोप है कि यूसीआईएल में सुरक्षा उपकरणों में भारी कटौती की गई है और ठेकेदारों की मिलीभगत से मजदूरों का शोषण हो रहा है। सुरक्षा जागरूकता अभियान भी बंद कर दिया गया है। मजदूर संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि हालात नहीं सुधरे तो वे बड़े आंदोलन की तैयारी करेंगे। यूसीआईएल में लगातार हो रही मजदूरों की मौत और दुर्घटनाएँ नए सीएमडी के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गई हैं।


