Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » भालोई धान होइलो ई बोछोर, साया-साड़ी किने दिबो तोर…’
    Breaking News Headlines ओड़िशा खबरें राज्य से चाईबासा जमशेदपुर जामताड़ा झारखंड दुमका धनबाद धर्म रांची राजनीति राष्ट्रीय संथाल परगना संथाल परगना सरायकेला-खरसावां हजारीबाग

    भालोई धान होइलो ई बोछोर, साया-साड़ी किने दिबो तोर…’

    Sponsored By: सोना देवी यूनिवर्सिटीJanuary 21, 2026No Comments5 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Oplus_131072
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    ‘भालोई धान होइलो ई बोछोर, साया-साड़ी किने दिबो तोर…’

    झारखंड वासी एकता मंच की ओर से रीगल मैदान में भव्य टुसु मेला, लाखों लोगों ने उठाया लुत्फ

    राष्ट्र संवाद संवाददाता
    जमशेदपुर : झारखंड वासी एकता मंच की ओर से बिस्टुपुर ऐतिहासिक गोपाल (रीगल) मैदान में भव्य टुसु मेला का आयोजन किया गया, जिसमे झारखंडी संस्कृति, परंपरा के एकता का अनोखा संगम देखने को मिला. मेला में जहां दूर दराज से क्षेत्रों से लोग विशाल टुसु प्रतिमा व चौड़ल लेकर आये थे, वहीं झुमुर सम्राट संतोष महतो के गीतों ने पूरा माहौल को टुसुमय बना दिया. मेला में आये दर्शकों के साथ साथ अतिथि भी झुमुर व टुसु गीतों पर थिरकते नज़र आये.
    संतोष महतो ने अपने गीतों का सफर में ‘भालोई धान होइलो ई बोछोर, साया-साड़ी किने दिबो तोर…’, ‘चल सजनी रीगल मैदाने, हमरा नाचबो गो टुसूर गाने…’, ‘ईटा के बोठे गो के बोठे, दादार साली सांगातेइ बोठे…’ गाकर शाम को रंगीन बना दिया.
    इस अवसर पर अतिथि के रूप में सांसद बिद्युत बरण महतो, पूर्व स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता, ईचागढ़ विधायक सबिता महतो, जुगसलाई के विधायक मंगल कालिंदी, पूर्व राज्यसभा सांसद व पूर्व विधायक प्रदीप बलमुचू, पार्षद खगेन महतो, सुनील महतो मीता, डोमजूड़ी की मुखिया अनीता मुर्मू, पूर्व पार्षद सारथी महतो, चंद्रावती महतो, सुखदेव महतो, फणीन्द्र महतो, बबलू महतो, आर के सिन्हा, सत्यनारायण महतो (माकड़), श्रीनाथ यूनिवर्सिटी के संस्थापक शम्भूनाथ महतो व श्रीमती संध्या रानी महतो, रमेश हांसदा, विकास सिंह, अनंतो प्रधान आदि मौजूद थे.

     

    अपने संबोधन में बिद्युत महतो ने कहा कि टुसु पर्व पूरे झारखंड में विभिन्नता में एकता का संदेश दे रहा है. उपस्थित लोगों से उन्होंने कहा कि वे अपनी सभ्यता, संस्कृति और परंपरा को बचाकर रखें वरना हम भी गुलगुलिया बनकर रह जाएंगे और धीरे धीरे विलुप्त हो जाएंगे. साथ ही उन्होंने अपने बच्चों को शिक्षित करने पर भी जोर दिया.
    डॉ बलमुचू ने कहा कि यहां मौजूद युवा अपनी सभ्यता बचाने के लिए जुटे हैं. हम सबके सामने काफी चुनौती है, जिससे निपटने के लिए हमे एकजुट होने की ज़रूरत है. यह संस्कृति एकता का प्रतीक है.
    बन्ना गुप्ता अपना संबोधन एक टुसु गीत से की. उन्होंने कहा कि यह खुशी का पर्व है, इसलिए सभी लोग आनंदपूर्वक इसे मनाएं और सावधानी से सुरक्षित तरीके से अपने घर पहुँचे.
    विधायक मंगल कालिंदी ने कहा कि पूर्व सांसद स्व. सुनील महतो ने टुसु मेला को लेकर जो सपना देखा था, वह अब इस मेला में आकर साकार होता दिख रहा है.
    मंच का संचालन सीनू राव ने किया. आयोजन को सफल बनाने में सचिन महतो, गोपाल महतो, शिवशंकर महतो, विजय महतो, अशोक महतो, अजय रजक, स्वपन महतो, धनंजय महतो, जुगल किशोर मुखी, नकुल महतो, जगदीश राव सहित कई कार्यकर्ता मौजूद थे.

     

    आदिवासी-कुड़मी के बीच खाई पाटने की ज़रूरत : आस्तिक

    आस्तिक महतो ने अपने संबोधन में राज्य के सभी जाति के लोगों को एकजुट रहने का संदेश दिया. उन्होंने कहा कि निर्मल महतो के निधन के बाद सभी जाति के लोग इस आंदोलन में कूद गए. झारखंड आंदोलन शुरू हुए तो कई बार रास्ता भटक गए. हम सबके सामने ऐसे कई उदाहरण है, जिससे हमलोगों की एकता को दर्शाता है. श्री महतो ने कुड़मी और आदिवासी समुदाय के बीच जारी ‘शीतयुद्ध’ को हर हाल में खत्म करने की अपील की. कहा कि इस झारखंड अलग राज्य आंदोलन में सभी जातियों ने अपनी शहादत दी, लेकिन किसी के बहकावे में आकर हम आपसी एकता को तोड़ रहे हैं. सार्वजनिक रूप से उन्होंने दोनो समुदाय के लोगों से कहा कि संविधान ने हमे सरकार से मांग करने का अधिकार दिया है, अगर किसी को इन बातों पर ऐतराज है तो नियम और दायरे में रहकर विरोध करें, लेकिन एक दूसरे को अपशब्द न कहें. सोशल मीडिया पर भी सावधानी से अपनी बात रखने की अपील उन्होंने की.

    झारखंड आंदोलनकारियों को दी गयी श्रद्धांजलि

    मेला परिसर के मुख्य मंच के समक्ष झारखंड राज्य आंदोलन में शहीदों की तस्वीर रखी गयी थी, जिसमे अतिथियों ने पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी. इस अवसर पर देश के प्रथम स्वतंत्रता सेनानी रघुनाथ महतो, भगवान बिरसा मुंडा, सिदो कान्हू, विनोद बिहारी महतो, दिशोम गुरु शिबू सोरेन, शहीद निर्मल महतो, राज्य के पूर्व उप मुख्यमंत्री स्व. सुधीर महतो, पूर्व सांसद स्व. सुनील महतो, पूर्व विधायक साधुचरण महतो आदि की तस्वीर थी.

    सभी अतिथियों को याद आये स्व. सुनील बाबू

    मेला में आये कई अतिथियों ने आज पूर्व सांसद स्व. सुनील महतो को याद किया, जिन्होंने आजतक नदी, तालाब के किनारे मनाए जानेवाले टुसु मेला को शहर के हृदयस्थली बिस्टुपुर के गोपाल मैदान में टुसु पर्व को मनाने की नींव रखी. साथ ही राज्य के पूर्व उप मुख्यमंत्री स्व. सुधीर महतो को भी इसलिए याद किया क्योंकि टुसु मेला के दूसरे ही दिन यानी 22 जनवरी को निधन हो गया.

    टुसु, चौड़ल और बूढ़ी गाड़ी नाच में इन्हें मिला पुरस्कार

    टुसु
    पहला : धनंजय महतो, पदनामसाई – 41 हज़ार
    दूसरा : जगन्नाथ महतो, खरसावां – 35 हज़ार
    तीसरा : चाडरी, राजनगर – 31 हज़ार
    चौथा : दीपक महतो, मनपीटा – 25 हज़ार
    पांचवां : अंगद महतो – 20 हज़ार
    छठा : फूलचंद गोराई – 15 हज़ार

    चौड़ल
    पहला : आदिवासी पुरन समिति, खूंटी ( वीरेंद्र पुरन) – 31 हज़ार
    दूसरा : आदिवासी किसान चौड़ल समिति – 25 हज़ार
    तीसरा : सरना चौड़ल समिति – 21 हज़ार
    चौथा : श्री श्री मां मां दुर्गा समिति (हेमराज महतो) – 15 हज़ार

    बूढ़ी गाड़ी नाच
    पहला : महावीर महतो, पटमदा – 15 हज़ार
    दूसरा : हरिहर टुडू, खाखीडीह – 11 हज़ार
    तीसरा : नरवा ख़ुर्शी – 7 हज़ार
    चौथा : जयचंद्र, सरायकेला – 5 हज़ार

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleसूर्यधाम सिदगोड़ा में श्रीराम मंदिर निर्माण की छठवीं वर्षगांठ को धूमधाम से मनाने का निर्णय
    Next Article सोनारी में सजी मां सरस्वती की अनुपम प्रतिमाएं, बाजारों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

    Related Posts

    रानीश्वर के कामती बालू घाट पर अवैध उठाव का खेल, दिनदहाड़े सक्रिय दिखे बालू माफिया

    April 26, 2026

    उपायुक्त की अध्यक्षता में स्पॉन्सरशिप एवं फोस्टर केयर समिति की बैठक आयोजित

    April 26, 2026

    गर्मी और हीट वेव से बचाव को लेकर जिला प्रशासन की अपील

    April 26, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    रानीश्वर के कामती बालू घाट पर अवैध उठाव का खेल, दिनदहाड़े सक्रिय दिखे बालू माफिया

    उपायुक्त की अध्यक्षता में स्पॉन्सरशिप एवं फोस्टर केयर समिति की बैठक आयोजित

    गर्मी और हीट वेव से बचाव को लेकर जिला प्रशासन की अपील

    जनगणना 2027 की तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक, अधिकारियों को दिए निर्देश

    पेयजल समस्याओं के समाधान के लिए जिला व प्रखंड स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित

    झारखंड विधानसभा का शैक्षणिक भ्रमण, प्रशिक्षु अधिकारियों को दी गई प्रशासनिक सीख

    गुर्रा नदी की जर्जर पुलिया बनी जानलेवा खतरा, 10 गांवों का संपर्क संकट में, मरम्मत नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी

    मजदूर आंदोलन के आगे झुकी ठेका कंपनी, यूसील भाटीन माइंस में 4 दिन की हड़ताल के बाद मांगों पर बनी सहमति, ओवरटाइम दोगुना व कैंटीन शुरू करने का फैसला

    अग्रसेन भवन समिति चुनाव शांतिपूर्ण संपन्न, दीपक व अमित बने सचिव-उपसचिव, नई कमेटी ने आधुनिकरण का रखा लक्ष्य

    झारखंड क्षत्रिय संघ ने दी स्वतंत्रता सेनानी वीर कुंवर सिंह को श्रद्धांजलि

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.