राष्ट्र संवाद की कलम बेख़ौफ़, भ्रष्टाचारियों की धमकियों से नहीं डरती
राष्ट्र संवाद डेस्क
जमशेदपुर। राष्ट्र संवाद ने स्पष्ट कर दिया है कि उनकी कलम बेजान नहीं, बल्कि बेख़ौफ़ है और सच लिखना ही उनका धर्म है। भ्रष्टाचार से जुड़ी खबरों के प्रकाशन के बाद संबंधित आरोपित बौखला गए हैं और तरह-तरह के डराने-धमकाने के हथकंडे अपना रहे हैं।
दिन-दहाड़े कॉल और व्यक्तिगत मुलाकात के बहाने आशीष गुप्ता, वीनू और संपदा विभाग के पदाधिकारी मंडल ने समाचार को मैनेज करने का प्रयास किया, लेकिन राष्ट्र संवाद ने उनकी हर हरकत को रिकॉर्ड कर पाठकों के समक्ष रखे जाने की चेतावनी दी।
जादूगोड़ा के नवरंग मार्केट निवासी आशीष गुप्ता पर वर्षों से कई गंभीर आपराधिक मामले लंबित हैं, बावजूद इसके वे खुलेआम घूम रहे हैं और कथित रूप से अधिकारियों को गुमराह कर कार्यक्रमों में भाग ले रहे हैं। आशीष गुप्ता कथित रूप से जमशेदपुर के एक भाजपा नेता के इशारे पर काम कर रहे हैं।
राष्ट्र संवाद ने स्पष्ट किया है कि आप भ्रष्टाचारियों और अवैध कारोबारियों को संरक्षण दे रहे हैं, तो यह आपकी फितरत है, इससे राष्ट्र संवाद को कोई लेना-देना नहीं। हमारा काम सिर्फ खबर लिखना है और प्रशासन का काम है जांच करना।
संस्था ने दो टूक कहा कि यदि आरोपित अपनी बात लिखित रूप में देंगे तो उसे भी समान प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा। किसी भी धमकी या दबाव से उनकी कलम झुकेगी नहीं।

