‘अपहरण’ का आरोप निकला झूठा, स्कूल के दो छात्रों के बीच विवाद बना मारपीट, पुलिस जांच में खुलासा
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर के बिष्टुपुर थाना क्षेत्र स्थित श्रीकृष्णा पब्लिक स्कूल के पास 9 अप्रैल को दोपहर करीब 12 बजे 12वीं और 11वीं कक्षा के दो छात्रों के बीच मारपीट की घटना सामने आई, जिसने कुछ समय के लिए सनसनी फैला दी। घटना के बाद जूनियर छात्र के परिजनों ने बिष्टुपुर थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराते हुए मारपीट के साथ अपहरण का भी गंभीर आरोप लगाया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे स्कूल परिसर और आसपास के इलाके में पहुंचकर जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें साफ तौर पर देखा गया कि दोनों छात्र पहले एक-दूसरे के कंधे पर हाथ रखकर साथ-साथ जा रहे थे। कुछ ही देर बाद दोनों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गई। जांच में यह भी सामने आया कि घटना के कुछ समय बाद जूनियर छात्र जुस्को स्कूल के पास अपने परिजनों से मिला, जहां उसने मारपीट और कथित अपहरण की जानकारी दी, जिससे मामला थाने तक पहुंचा। हालांकि पुलिस जांच में अपहरण की बात पूरी तरह से निराधार पाई गई और यह मामला आपसी विवाद का निकला। अधिकारियों के अनुसार दोनों छात्रों के बीच पहले से किसी बात को लेकर तनाव था, जो उस दिन झगड़े में बदल गया। घटना के बाद दोनों पक्षों के परिजन आपस में बैठे और बातचीत के जरिए विवाद को सुलझा लिया। अंततः दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया, जिसके बाद पुलिस ने भी इसे आपसी सुलह का मामला मानते हुए आगे की कार्रवाई नहीं की।

