स्व. के.के. सिंह की जयंती पर विशाल रक्तदान महाशिविर, जनप्रतिनिधियों ने किया उद्घाटन
राष्ट्र संवाद संवाददाता
जमशेदपुर: स्वर्गीय के.के. सिंह की जयंती के अवसर पर रविवार को साकची स्थित रेड क्रॉस भवन में के.के. एजुकेशनल फाउंडेशन ट्रस्ट एवं इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी, पूर्वी सिंहभूम के संयुक्त तत्वावधान में विशाल रक्तदान महाशिविर का आयोजन किया गया। सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक चले इस शिविर में बड़ी संख्या में युवाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं तथा विभिन्न संस्थाओं के सदस्यों ने स्वेच्छा से रक्तदान कर मानव सेवा का संदेश दिया।
रक्तदान शिविर का उद्घाटन स्वर्गीय सिंह की धर्मपत्नी उर्मिला सिंह, सांसद विद्युत वरण महतो, मेयर सुधा गुप्ता, पूर्व मंत्री बन्ना गुप्ता, विधायक मंगल कालिंदी तथा समाजसेवी शिव शंकर सिंह ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर सैकड़ों की संख्या में सामाजिक एवं स्वयंसेवी संस्थाओं के सदस्य भी उपस्थित रहे।
शिविर का उद्देश्य जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करने के साथ-साथ समाज में स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। रक्तदाताओं को रेड क्रॉस सोसाइटी की ओर से प्रमाण-पत्र एवं स्मृति-चिह्न देकर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर स्व. के.के. सिंह के पुत्र विकास सिंह ने कहा कि उनके पिता प्रसिद्ध समाजसेवी एवं इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी के फाउंडर मेंबर थे। उनके सेवा कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए प्रत्येक वर्ष उनकी स्मृति में दो प्रमुख कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
उन्होंने बताया कि 4 जनवरी (पुण्यतिथि) को मेगा आई कैंप का आयोजन किया जाता है, जिसे झारखंड, बिहार एवं पूर्वी भारत के सबसे बड़े नेत्र शिविरों में गिना जाता है। इस शिविर में प्रतिवर्ष लगभग 300 मोतियाबिंद के ऑपरेशन तथा करीब 2500 मरीजों की ओपीडी जांच की जाती है। वहीं 28 जून (जयंती) को रक्तदान महाशिविर आयोजित किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में युवा एवं समाजसेवी रक्तदान कर मानवता की सेवा में योगदान देते हैं।
विकास सिंह ने बताया कि आज के मुख्य शिविर के बाद भी पूरक (सप्लीमेंट्री) रक्तदान शिविरों का आयोजन लगातार किया जाएगा, ताकि जिले में रक्त की कमी को दूर किया जा सके और जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराया जा सके।
आयोजकों ने कहा कि रक्तदान सबसे बड़ा महादान है। एक यूनिट रक्त कई लोगों का जीवन बचाने में सहायक होता है। उन्होंने लोगों से नियमित रूप से रक्तदान करने और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने की अपील की।
शिविर के सफल आयोजन में के.के. एजुकेशनल फाउंडेशन ट्रस्ट, इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी, पूर्वी सिंहभूम के पदाधिकारियों, स्वयंसेवकों एवं सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

