राज्यसभा में विपक्ष से बोले पीएम मोदी:”कांग्रेस के पतन को देखकर खुशी नहीं है, आपके प्रति संवेदनाएं हैं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण के धन्यवाद प्रस्ताव का दिया। इस दौरान उन्होंने कांग्रेस प्रमुख मल्लिकार्जुन खड़गे पर कटाक्ष किया। साथ ही कांग्रेस पार्टी के पतन पर संवेदना व्यक्त की और कहा कि खड़गे जी ने भाषण से मनोरंजन की कमी पूरी कर दी।
पीएम मोदी ने कहा, ” मेरा विश्वास पक्का हो गया है कि कांग्रेस पार्टी सोच से भी आउटडेटेड हो गई है। जब सोच ही आउटडेटेड हो गई है, तो इन्होंने अपना कामकाज भी आउटसोर्स कर दिया है। देखते ही देखते इतना बड़ा दल, इतने दशकों तक देश पर राज करने वाले दल का ऐसा पतन! हमें खुशी नहीं हो रही बल्कि हमारी आपके प्रति संवेदनाएं हैं।”
प्रधानमंत्री ने कहा, “जिस कांग्रेस ने सत्ता के लालच में सरेआम लोकतंत्र का गला घोंट दिया था, जिस कांग्रेस ने दर्जनों बार लोकतांत्रिक तरीके से आई सरकारों को रातों-रात बर्खास्त कर दिया था, जिस कांग्रेस ने अखबारों पर भी ताले लगाने की कोशिश की थी, अब देश को तोड़ने का नैरेटिव उस कांग्रेस ने गढ़ना शुरू कर दिया है। अब देश को उत्तर-दक्षिण में तोड़ने के बयान दिए जा रहे हैं।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “जिस कांग्रेस ने ओबीसी को पूरी तरह से आरक्षण नहीं दिया, कभी सामान्य वर्ग के गरीबों को आरक्षण नहीं दिया, जिसने बाबा साहब को भारत रत्न देने योग्य नहीं समझा, वह सिर्फ अपने परिवार को ही भारत रत्न देते रहे। वे अब हमें सामाजिक न्याय का उपदेश दे रहे हैं और पाठ पढ़ा रहे हैं। जिनके पास नेता के रूप में कोई गारंटी नहीं है वे मोदी की गारंटी पर सवाल उठा रहे हैं…”
पीएम मोदी ने कहा, “कांग्रेस ने नैरेटिव फैलाया, जिसका परिणाम हुआ कि भारत की संस्कृति और संस्कारों को मानने वाले लोगों को बड़े हीन भाव से देखा जाने लगा। इस प्रकार हमारे अतीत के साथ अन्याय किया गया। इसका नेतृत्व कहां होता था, ये दुनिया भलीभांति जानती है। कांग्रेस के 10 वर्षों में भारतीय अर्थव्यवस्था नाजुक स्थिति में थी। दूसरी ओर हमारे 10 वर्षों में भारत शीर्ष पांच अर्थव्यवस्थाओं में से एक रहा है। हमारे 10 साल बड़े और निर्णायक फैसलों के लिए याद रखे जाएंगे।”
पीएम मोदी ने कहा, “कांग्रेस जन्म से ही दलितों, पिछड़ों और आदिवासियों की सबसे बड़ी विरोधी रही है। कभी-कभी मेरे मन में सवाल आता है कि अगर बाबा साहब नहीं होते तो क्या एससी/एसटी को आरक्षण नहीं मिलता।”
पीएम मोदी ने कहा, “एक बार नेहरू जी ने मुख्यमंत्रियों को चिट्ठी लिखी थी, जिसमें लिखा था कि ‘मैं किसी भी आरक्षण को पसंद नहीं करता और खासकर नौकरी में आरक्षण तो कतई नहीं। मैं ऐसे किसी भी कदम के खिलाफ हूं जो अकुशलता को बढ़ावा दे, जो दोयम दर्जे की तरफ ले जाए।’ इसी के आधार पर मैं कहता हूं कि कांग्रेस आरक्षण की जन्मजात विरोधी है।”
पीएम ने कहा, “नेहरू जी कहते थे कि अगर SC/ST, OBC को नौकरी में आरक्षण मिला तो सरकारी कामकाज का स्तर गिर जाएगा। आज जो ये आंकड़े गिनाते हैं, उसका मूल यही है। अगर उस समय सरकार में भर्ती हुई होती, तो वो प्रमोशन के बाद आगे बढ़ते और आज यहां पहुंचते। नेहरू जी ने जो कहा वो कांग्रेस के लिए हमेशा से पत्थर की लकीर होता है। दिखावे के लिए आप कुछ भी कहें, लेकिन आपकी सोच ऐसे कई उदाहरणों से सिद्ध होती है। कांग्रेस ने जम्मू-कश्मीर के SC/ST, OBC को सात दशकों तक उनके अधिकारों से वंचित रखा।”
उन्होंने कहा, “पश्चिम बंगाल से आपके सामने चुनौती खड़ी हो गई है कि कांग्रेस 40 का आंकड़ा(लोकसभा चुनाव 2024 में) पार नहीं कर पाएगी। मैं प्रार्थना करता हूं कि आप 40 सीटें सुरक्षित करने में सक्षम हों।”
पीएम मोदी ने कहा, “मल्लिकार्जुन खड़गे काफी देर तक राज्यसभा में बोले और मैं सोच रहा था कि उन्हें इतनी देर तक बोलने का मौका कैसे मिला और फिर मुझे एहसास हुआ कि दो विशेष कमांडर वहां नहीं थे तो उन्होंने इसका फायदा उठाया। मुझे लगता है कि खड़गे जी ने वो गाना तो सुना ही होगा ‘ऐसा मौका फिर कहा मिलेगा।”
पीएम ने कहा, “मुझे पिछले साल की घटना याद है। हम उस सदन में बैठते थे और देश के पीएम की आवाज को दबाने की कोशिश की जाती थी। आज भी आप न सुनने के तैयार के साथ आए हैं। लेकिन आप मेरी आवाज नहीं दबा सकते। देश की जनता ने इस आवाज को ताकत दी हुई है। मैं भी इस बार पूरी तैयारी के साथ आया हूं।”
पीएम मोदी ने कहा, ”मैं उस दिन तो नहीं कह सका लेकिन मैं खड़गे जी का विशेष आभार व्यक्त करता हूं। मैं उस दिन उनकी बातें बहुत ध्यान से और आनंद से सुन रहा था। लोकसभा में हमें मनोरंजन की जो कमी खल रही थी, वह उन्होंने पूरी कर दी। एक बात खुशी की रही कि उन्होंने 400 सीट एनडीए के लिए आशीर्वाद दिया है और आपका आशीर्वाद मेरे सर आंखों पर।”
प्रधानमंत्री ने कहा, “राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अपने संबोधन में भारत की क्षमता, ताकत और उज्ज्वल भविष्य के बारे में बात की। मैं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को धन्यवाद देता हूं।” गौरतलब है कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मौजूदा बजट सत्र के पहले दिन 31 जनवरी को लोकसभा और राज्यसभा की संयुक्त बैठक को संबोधित किया था।
सोमवार को लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर अपने धन्यवाद प्रस्ताव में पीएम मोदी ने कहा कि उनकी सरकार का तीसरा कार्यकाल दूर नहीं है और इस बार राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) 400 सीटें जीतेगी और भारतीय जनता पार्टी व्यक्तिगत तौर पर जीत हासिल करेगी. 370 सीटें मिलें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन के बाद आज उच्च सदन में केंद्रीय अंतरिम बजट 2024-25 और जम्मू-कश्मीर पर अंतरिम बजट 2024-25 पर सामान्य चर्चा भी शुरू होनी है। बजट सत्र, जो 31 जनवरी को शुरू हुआ, 10 दिनों की अवधि में आठ बैठकों में चलेगा और 10 फरवरी को समाप्त हो सकता है।

