मईया सम्मान योजना से बदली उमारानी की तकदीर, छोटे व्यवसाय की शुरुआत बनी प्रेरणा
राष्ट्र संवाद सं
जामताड़ा: नाला प्रखंड के ग्राम भेड़ों की निवासी उमारानी चक्रवर्ती ने यह साबित कर दिया कि सरकारी योजनाएं यदि सही व्यक्ति तक पहुंचें, तो वे जीवन की दिशा बदल सकती हैं। झारखंड सरकार द्वारा संचालित मईया सम्मान योजना के तहत प्राप्त 17 किस्तों की राशि को उन्होंने समझदारी और अनुशासन के साथ संजोया। इसी पूंजी के सहारे उन्होंने नाला में अपना छोटा व्यवसाय शुरू कर आत्मनिर्भरता की ओर कदम बढ़ाया।
उमारानी चक्रवर्ती की इस प्रेरक पहल की जानकारी जब विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो को मिली, तो उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए नाला पहुंचकर उनके व्यवसाय का फीता काटकर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने उमारानी के साहस, धैर्य और दूरदर्शिता की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी महिलाएं समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
उमारानी चक्रवर्ती ने बताया कि मईया सम्मान योजना से मिली आर्थिक सहायता ने उन्हें आत्मविश्वास दिया और कुछ नया करने का हौसला बढ़ाया। पहले जहां वे सीमित संसाधनों के कारण अपने सपनों को साकार नहीं कर पा रही थीं, वहीं अब वे अपने पैरों पर खड़ी होकर परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत कर रही हैं।
यह पहल न केवल महिला सशक्तिकरण का सशक्त उदाहरण है, बल्कि आत्मनिर्भर झारखंड की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी है। उमारानी की सफलता कहानी अन्य महिलाओं को भी सरकारी योजनाओं का सही उपयोग कर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है।

