राष्ट्र संवाद सं
जामताड़ा: राष्ट्रीय खाद सुरक्षा एवं पोषण मिशन योजना के तहत कुंडहित प्रखंड के ग्राम पालजोरी, नमूंधरा गयपथर, तुलसीचक, सुंदरक्षीपुर, घटपरोलिया इत्यादि गांव में कृषि विभाग आत्मा जामताड़ा के तहत हाईब्रिड धान मड़ुआ एवं अरहर का बीज वितरण किया गया एवं बीज लगने की वैज्ञानिक विधि की जानकारी आत्मा जामताड़ा के उप परियोजना निदेशक श्री संजय कुमार सिंह के द्वारा सभी किसानों को उनके गांवों में जाकर कर दी गई। उप परियोजना निदेश श्री संजय कुमार सिंह के द्वारा श्री विधि से धान की खेती करने के बारे में किसानों को जानकारी दी गई, उनके द्वारा बताया गया कि किसान एक एकड़ के लिए तीन kg बीज का प्रयाय करे, जिसमें 7 से 14 दिन का विचरा जब पौधा में दो पत्ता निकल आए उसे जड़ सहित उखाड़ कर खेतों में 10 से 12 इंच की दूरी पर सीधी लाइन में करे। बीज को खेतों में डालने से पूर्व बीज उपचारित निश्चित रूप से किसान करे ताकि बीज में लगने वाले रोगों की संभावना कम हो जाए। श्री विधि से धान की खेती में उपज परंपरागत विधि की तुलना में काफी ज्यादा होती है । किसान भाई इस विधि का प्रयोग कर कम जगह ज्यादा उत्पादन कर सकते हैं। बीटीएम श्री सुजीत कुमार सिंह के द्वारा मोटे अनाज मंडुआ जिसे रागी भी कहा जाता हैं किसानों को इसकी खेती करने हेतु प्रेरित किया। उनके द्वारा बताया गया कि किसान मड़ुआं की खेती रोपा विधि से, सीधी लाइन मे या छिड़काव विधि से इसकी खेती कर सकते है, जहां सीधी बोआई में 20 से 25 सेमी रखी जाती है वहीं रोपा विधि पौधा से पौधा की दूरी 15 सेमी रखे। मंडुआ स्वास्थ्य के लिए काफी लाभप्रद है, जिसे किसान भाई ऊपरी जमीन पर करे इसकी खेती में काफी कम पानी की आवश्यकता होता है। आज कुल 41 किसानों के बीच धान,47 किसानों के बीच मंडुआ,एवं 35 किसानों के बीच अरहर बीज का वितरण किया गया। इस अवसर पर एटीएम अमीर हेंब्रम, सम्बंधित गांव के किसान मित्र एवं किसान सहदेव हेंब्रम, अमीरी हांसदा, विश्वनाथ मुर्मू,,सोना हेंब्रम मीनू दास इत्यादि मौजूद थे।

