राष्ट्र संवाद संवाददाता
वेतन और स्थायीकरण की मांगों को लेकर मंगलवार से अनुसूचित जनजाति आवासीय उच्च विद्यालय, संजय के सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। इस हड़ताल के कारण विद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियां पूरी तरह प्रभावित हो गई हैं।हड़ताल पर बैठे शिक्षकों ने बताया कि वे विगत 10 वर्षों से अधिक समय से मात्र 200/- रुपए प्रति घंटा की दर से कार्य कर रहे हैं। एक कार्य दिवस में उन्हें केवल 4 घंटे का ही भुगतान मिलता है, जिससे उनकी मासिक आय बेहद कम हो जाती है। वर्तमान महंगाई के दौर में इतनी कम आय में परिवार का भरण-पोषण करना कठिन हो गया है। शिक्षकों ने बताया कि वे अपने अधिकारों को लेकर उच्च न्यायालय में भी जीत हासिल कर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद कल्याण विभाग की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। विदित है कि इन अंशकालीन शिक्षकों के प्रयास से विद्यालय पिछले 10 वर्षों से लगातार शत प्रतिशत प्रतिशत परिणाम दे रहा है। विद्यालय में कक्षा एक से दशम तक की पढ़ाई होती है, जबकि वर्तमान में केवल एक ही स्थायी शिक्षक कार्यरत हैं। शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने बताया कि इस संबंध में कल्याण विभाग के मुख्य सचिव को भी अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई है।हड़ताली शिक्षकों ने सरकार से मांग की है कि उन्हें स्थायी किया जाए और उचित वेतनमान दिया जाए, ताकि वे सम्मानजनक जीवन जी सकें। शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, हड़ताल जारी रहेगी।

