डिजिफेस्ट “आरंभ 6.0” विद्यार्थियों के बीच ऑनलाइन प्रतियोगिता के माध्यम से संपर्क और संवाद का विस्तार ।
कुल छ: विश्वविद्यालय और बारह महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने भाग लिया
राष्ट्र संवाद संवाददाता
रंभा कॉलेज ऑफ़ एजुकेशन की ओर से प्रति वर्ष आयोजित किया जाने वाला दो दिवसीय ऑनलाइन कार्यक्रम “आरंभ 6.0 ” का आज शुभांरभ किया गया । आज प्रथम दिवस पर चार ऑनलाइन इवेंट आयोजित किए गए जो थे – एकल गायन प्रतियोगिता, कांच पेंटिंग प्रतियोगिता ,पीपीटी प्रेजेंटेशन और पोस्टर मेकिंग कंपटीशन।

एकल गायन प्रतियोगिता की जज रही लोकगीत गायिका पद्मा झा और सुप्रसिद्ध कवयित्री उपासना सिन्हा । ग्लास पेंटिंग के जज रहे महिला कॉलेज चाईबासा के असिस्टेंट प्रोफेसर सीतेंद्र रंजन सिंह ।
पीपीटी प्रेजेंटेशन कंपटीशन की निर्णायक रही डॉक्टर सुचित्रा बेहरा , एम एड डिपार्टमेंट कोल्हान विश्वविद्यालय और दिल्ली विश्वविद्यालय से रहे सुदीप्तो मुखर्जी। पोस्टर पेंटिंग कंपटीशन की जज रही पत्रकार अनी अमृता और डॉक्टर अंजू कुमारी विवेकानंद बी एड कॉलेज से।

इस बार जजमेंट के दौरान जज की भूमिका में हमारे साथ हमारे महाविद्यालय की भूतपूर्व छात्रा स्नेहा विश्वकर्मा, सागरिका मिश्रा और सविता कुमारी भी जुड़े हुए थे। आरंभ 6.0 में कुल छ विश्वविद्यालय दिल्ली विश्वविद्यालय, रांची विश्वविद्यालय, विनोबा भावे विश्वविद्यालय,श्रीनाथ विश्वविद्यालय और नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया ।इसके अलावा 12 स्थानीय कॉलेज के विद्यार्थियों ने भी अलग-अलग इवेंट में अपनी प्रतिभा और अपने कला कौशल का प्रदर्शन किया। इस ऑनलाइन “आरंभ 6.0” का शुभारंभ दीप प्रज्वलन कर किया गया ।

सचिव गौरव बचन जी ने अपने संबोधन में कहा कि ” विद्यार्थियों के अंदर छुपी कलात्मक क्षमताओं को प्रस्तुत करने के अवसर देकर हम उनके शैक्षणिक प्रदर्शन को भी बेहतर बना सकते हैं और साथ ही कला और कौशल के जरिए तनाव प्रबंधन को भी एक दिशा मिलती है। यह ऑनलाइन कार्यक्रम हमारे कॉलेज की विशेष पहचान है और आगे भी हम इसे जारी रखेंगे ताकि झारखंड से बाहर के विश्वविद्यालय और कॉलेज के लोगों से भी शैक्षणिक संपर्क- संवाद हो सके।”

अपना वक्तव्य देते हुए प्रिंसिपल डॉक्टर कल्याणी कबीर ने कहा कि आजकल शैक्षणिक परिवर्तन के सुधार को लेकर भारतीय शिक्षा परंपरा की बात भी हो रही है जिसमें हम भारतीय संस्कृति के कलात्मक रूप को जीवित रखने की बात कर रहे हैं जो हमारी भारतीयता की पहचान रही है। आरंभ 6.0 में भी हम लोकगीत, चित्रकला और पोस्टर मेकिंग जैसी कला को प्रश्रय देते हैं और चूंकि ये तकनीकी युग है तो पीपीटी प्रेजेंटेशन पर भी आज विद्यार्थियों ने अपनी दक्षता दिखाई है।
कॉलेज के अध्यक्ष श्री राम बचन जी ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य यही है कि हम शैक्षणिक धरातल पर अपने संपर्क और संवाद को विस्तार दें और यह खुशी की बात है कि इस बार राज्य की सीमा को पार करते हुए दिल्ली विश्वविद्यालय तक के विद्यार्थी और प्रोफेसर इस ऑनलाइन कार्यक्रम आरंभ 6.0 में हमारे साथ जुड़े हैं । दिल्ली विश्वविद्यालय के अलावा विनोबा भावे विश्वविद्यालय, नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय, श्रीनाथ विश्वविद्यालय और रांची विश्वविद्यालय के भी विद्यार्थीगण इस बार हमारे साथ जुड़े । आज के कार्यक्रम में स्वागत भाषण दिया आई क्यू ए सी इंचार्ज डॉक्टर गंगा भोला ने ।

एकल गायन का संचालन किया डॉक्टर सुमन लता ने । ग्लास पेंटिंग कंपीटिशन का संचालन किया असिस्टेंट प्रोफेसर शीतल कुमारी ने , पीपीटी प्रेजेंटेशन कंपटीशन का संचालन किया असिस्टेंट प्रोफेसर ऐश्वर्या कर्मकार ने और पोस्टर मेकिंग कंपटीशन का संचालन किया लेक्चरर अमृता सुरेन ने।आरंभ को सफल बनाने में लेक्चरर रश्मि लुगून, असिस्टेंट प्रोफेसर भूपेश चंद ,डॉक्टर सतीश चंद्र, लेक्चर संदीप कुमार सिंह, डॉक्टर दिनेश यादव, लेक्चरर सूरज कुमार, असिस्टेंट प्रोफेसर किशन शर्मा और तकनीकी सहयोगी मुकेश मिश्रा की सक्रिय भूमिका रही।


