Close Menu
Rashtra SamvadRashtra Samvad
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • होम
    • राष्ट्रीय
    • अन्तर्राष्ट्रीय
    • राज्यों से
      • झारखंड
      • बिहार
      • उत्तर प्रदेश
      • ओड़िशा
    • संपादकीय
      • मेहमान का पन्ना
      • साहित्य
      • खबरीलाल
    • खेल
    • वीडियो
    • ईपेपर
    Topics:
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Rashtra SamvadRashtra Samvad
    • रांची
    • जमशेदपुर
    • चाईबासा
    • सरायकेला-खरसावां
    • धनबाद
    • हजारीबाग
    • जामताड़ा
    Home » मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने झारखंड आंदोलनकारी चिन्हितीकरण आयोग के अध्यक्ष एवं सदस्यों के साथ बैठक की
    Breaking News Headlines जमशेदपुर जामताड़ा झारखंड रांची राजनीति

    मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने झारखंड आंदोलनकारी चिन्हितीकरण आयोग के अध्यक्ष एवं सदस्यों के साथ बैठक की

    Devanand SinghBy Devanand SinghNovember 1, 2023No Comments3 Mins Read
    Share Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link

    मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने झारखंड आंदोलनकारी चिन्हितीकरण आयोग के अध्यक्ष एवं सदस्यों के साथ बैठक की

    *★ गांव-गांव पहुंचकर झारखंड आंदोलनकारी चिन्हितीकरण कार्य पूरा करें*

    *★ पूर्व की सरकारों ने आंदोलनकरियों को अपमानित करने का काम किया*

    *★ आंदोलनकारी परिवार की पीड़ा एक आंदोलनकारी परिवार का बेटा ही समझ सकता है: हेमन्त सोरेन, मुख्यमंत्री*

    मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने आज झारखंड मंत्रालय में झारखंड आंदोलनकारी चिन्हितीकरण आयोग के अध्यक्ष एवं सदस्यों के साथ बैठक की। मुख्यमंत्री ने बैठक में कहा कि अलग झारखंड राज्य का गठन होना एक बड़ी उपलब्धि थी। अलग झारखंड राज्य की परिकल्पना को साकार करने के लिए हजारों की संख्या में आंदोलनकरियों ने अपने प्राणों की आहुति दी है। राज्य के विभिन्न रिसोर्स, संपत्ति पर पहला अधिकार आंदोलनकारी अथवा उनके परिवार का होना चाहिए। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि अगले 15 से 20 दिनों के भीतर गांव-गांव पहुंचकर आंदोलनकारी तथा आंदोलनकारी परिवार के सदस्यों का चिन्हितिकरण कार्य पूरा करें।

    *पूर्व की सरकारों ने आंदोलनकरियों को अपमानित करने का काम किया*

    मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि पूर्व की राज्य सरकारों ने अलग झारखंड राज्य आंदोलनकरियों की संख्या को घटाकर 25 से 30 हजार में समेटना चाहती थी। पूर्व की सरकारों ने आंदोलनकरियों को अपमानित करने का काम किया है। परंतु वर्तमान राज्य सरकार गांव-गांव में पहुंच कर एक-एक आंदोलनकारी परिवार तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। हमारी सरकार का लक्ष्य है कि एक-एक आंदोलनकारी अथवा उनके परिवार को पूरे मान-सम्मान के साथ उनका अधिकार दिया जाए, इस निमित्त सरकार गठन के बाद से ही हमारा निरंतर प्रयास जारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा प्रयास है कि हम वैसे आंदोलनकारी अथवा उनके परिवार को पूरा मान-सम्मान के साथ हर रूप में सहयोग करें।

    *डुगडुगी बजाने वाले की भी उतनी ही भूमिका*

    मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि मुझे अभी भी स्मरण है कि किस प्रकार डुगडुगी बजाकर यह संदेश दिया जाता था कि कौन से समय पर आंदोलनकारी किस स्थान पर एकजुट होकर बैठक कर अलग झारखंड राज्य लेने की रणनीति तैयार करेंगे। मेरा मानना है कि अलग झारखंड राज्य के निर्माण में डुगडुगी बजने वाले आंदोलनकारी की भी उतनी ही भूमिका है, जितना अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले आंदोलनकारी की।

    *आंदोलनकारी परिवार की पीड़ा एक आंदोलनकारी परिवार का बेटा ही समझ सकता है*

    मुख्यमंत्री ने कहा कि एक आंदोलनकारी परिवार की पीड़ा एक आंदोलनकारी परिवार का बेटा ही समझ सकता है। आज झारखंड का नेतृत्व एक आंदोलनकारी के बेटा कर रहा है। मैं आंदोलनकारी तथा उनके परिवार के सदस्यों की पीड़ा को अच्छी तरह से समझ सकता हूं। आप समझ सकते हैं कि अलग झारखंड राज्य की लड़ाई में जिस बेटे के पिता ने अपने प्राणों की आहुति दी है, उस बेटे पर क्या गुजरती होगी। वैसे लोगों का भविष्य कौन संवारेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द राज्य के आंदोलनकारी तथा उनके परिवारों का चिन्हितिकरण कार्य पूरा कर उनकी हर समस्याओं का निदान हमारी सरकार करेगी।

    *बैठक में झारखंड चिन्हितीकरण आयोग के अध्यक्ष श्री दुर्गा उरांव, सदस्य श्री भुवनेश्वर महतो एवं नरसिंह मुर्मू, अपर मुख्य सचिव गृह विभाग श्री अविनाश कुमार, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्रीमती वंदना दादेल, मुख्यमंत्री के सचिव श्री विनय कुमार चौबे उपस्थित थे।*
    =

    मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने मोरहाबादी स्थित मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा एस्ट्रोटर्फ स्टेडियम का निरीक्षण किया।
    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Copy Link
    Previous Articleवरिष्ठ भाजपा नेता दीपक निषाद के निधन से भाजपा में शोक की लहर, भाजपा का ध्वज ओढ़ाकर नम आंखों से नेताओं व कार्यकर्ताओं ने दी अंतिम विदाई, बिस्टुपुर पार्वती घाट पर हुआ अंतिम संस्कार
    Next Article जमशेदपुर एफसी को अपने घर में मोहन बागान सुपर जाइंट से मिली हार

    Related Posts

    इस दीपावली बनें सच्चा मनी मैग्नेट

    November 8, 2026

    दीपावली : एक पर्व, अनेक परंपराएं, लेकिन संदेश एक अंधकार पर प्रकाश की विजय

    November 8, 2026

    इस दिवाली आसमान नहीं, अपना नजरिया रोशन कीजिए

    November 8, 2026

    Comments are closed.

    अभी-अभी

    Legit99 Casino: Short Mobile Sessions and Quick Decisions for Players on the Go

    Le Bandit: waarom korte klappers met hoge inzet jouw sessie bepalen

    Spinrise Casino im Browser auf dem Smartphone spielen

    इस दीपावली बनें सच्चा मनी मैग्नेट

    दीपावली : एक पर्व, अनेक परंपराएं, लेकिन संदेश एक अंधकार पर प्रकाश की विजय

    इस दिवाली आसमान नहीं, अपना नजरिया रोशन कीजिए

    दीपावली के पाँच पर्व और उनसे जुड़ी धार्मिक परंपराएँ

    गाजियाबाद पुलिस चौकी ब्लास्ट में नया मोड़, आतंकी संगठन ने सोशल मीडिया पर ली जिम्मेदारी

    LocoWin Casino betaalmethoden: storten en opnemen met kaart, e-wallet en crypto

    प्रधानमंत्री मोदी ने देशवासियों को दी दिवाली की शुभकामनाएं, बोले- जवानों के साथ मनाऊंगा त्योहार

    Facebook X (Twitter) Telegram WhatsApp
    © 2026 News Samvad. Designed by Cryptonix Labs .

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.